जामताड़ा: पुलिस अधीक्षक शंभु कुमार सिंह की अध्यक्षता में रविवार को मासिक अपराध गोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसमें जिले के सभी थाना प्रभारी, पुलिस निरीक्षक, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, पुलिस उपाधीक्षक और विभिन्न शाखाओं के प्रभारी शामिल हुए. बैठक में विधि-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, सुरक्षा व्यवस्था और लंबित मामलों की विस्तृत समीक्षा की गई.

अपराध गोष्ठी के दौरान एसपी ने सभी थाना प्रभारियों, पुलिस निरीक्षकों और पुलिस उपाधीक्षकों को निर्देश दिया कि वे प्रतिदिन सुबह 09 बजे से 11 बजे तक अपने-अपने कार्यालय में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहें और आम जनता की शिकायतों को सुनकर उन पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें. उन्होंने स्पष्ट कहा कि पुलिस और जनता के बीच भरोसा मजबूत करना प्राथमिकता है.
बैठक में बताया गया कि अप्रैल माह से अब तक जिले में कुल 364 वारंटों का निष्पादन और गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई है. वहीं फतेहपुर और बिंदापाथर थाना क्षेत्र में लूट, हत्या और धोखाधड़ी से जुड़े मामलों में वांछित अपराधियों सहित कुल 28 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है.
एसपी ने महत्वपूर्ण घटनाओं वाले थाना क्षेत्रों के प्रभारियों को कांडों के शीघ्र उद्भेदन और अपराधियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए. जिन थाना क्षेत्रों में गंभीर घटनाएं हुई हैं, वहां के थाना प्रभारियों को चेतावनी देते हुए अनुशासनात्मक कार्रवाई की बात भी कही गई.
साइबर अपराधों को लेकर एसपी ने नारायणपुर, करमाटांड़ और साइबर थाना प्रभारियों को विशेष सतर्कता बरतने और सूचना मिलते ही त्वरित कार्रवाई करने का निर्देश दिया. साथ ही महिला उत्पीड़न, नाबालिगों से जुड़े मामलों, एससी-एसटी एक्ट, बाल विवाह, दहेज प्रथा और डायन प्रथा से संबंधित मामलों में बिना देरी कार्रवाई करने पर जोर दिया गया.
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि सभी थाना प्रभारी माह में कम से कम एक बार थाना स्तर पर और दो बार ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत प्रतिनिधियों, मुखिया, सरपंच और सामाजिक कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर स्थानीय समस्याओं को सुनें और उनके समाधान के लिए कार्रवाई करें.
एसपी शंभु कुमार सिंह ने सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए नियमित वाहन जांच, एंटी क्राइम चेकिंग और सघन गश्ती अभियान चलाने के निर्देश दिए. साथ ही बेहतर कार्य करने वाले थाना प्रभारियों और पुलिस अधिकारियों की सराहना करते हुए उन्हें पुरस्कृत भी किया गया.



