गम्हरिया: बड़ा गम्हरिया स्थित भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा स्थल पर मंगलवार को धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की पुण्यतिथि श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई. इस अवसर पर झारखंड मुक्ति मोर्चा के युवा नेता सन्नी सिंह ने भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की.


इस मौके पर आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय युवा कार्यकर्ता और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे. सभी ने धरती आबा के बताए मार्ग पर चलने और उनके संघर्षों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया.
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए झामुमो युवा नेता सन्नी सिंह ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा केवल एक व्यक्ति नहीं बल्कि आदिवासी अस्मिता, स्वाभिमान और संघर्ष के प्रतीक थे. उन्होंने अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ उलगुलान का बिगुल फूंककर शोषण और अन्याय के विरुद्ध लड़ाई लड़ी. उनके बलिदान और संघर्ष ने झारखंड सहित पूरे देश के लोगों को अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाने की प्रेरणा दी.
उन्होंने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा ने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया. आज भी उनके विचार और आदर्श समाज को नई दिशा देने का काम कर रहे हैं. युवाओं को उनके संघर्ष, त्याग और नेतृत्व क्षमता से सीख लेकर समाज और राज्य के विकास में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए.
सन्नी सिंह ने कहा कि झारखंड की पहचान भगवान बिरसा मुंडा के संघर्षों से जुड़ी हुई है. राज्य के युवाओं का दायित्व है कि वे उनके सपनों का झारखंड बनाने के लिए शिक्षा, सामाजिक जागरूकता और जनहित के कार्यों में बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाएं.
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने भगवान बिरसा मुंडा के चित्र और प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए तथा उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया.
मौके पर रोबिन हांसदा, अरुण मंडल, राजू सिंह सरदार, रवि हांसदा, कुंदन सिंह, शंकर पासवान, सुजल स्वर्णकार, सुकुमार घोष, राजन सहित बड़ी संख्या में युवा कार्यकर्ता मौजूद थे.

