जामताड़ा: प्रखंड अंतर्गत चन्द्रदीपा पंचायत के चन्द्रदीपा गांव में संचालित पत्थर खदान और क्रशर को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा है.


ग्रामीणों ने श्री साईं इंटरप्राइजेज पर लीज क्षेत्र से बाहर अनाबादी भूमि पर अवैध खनन और कब्जे का गंभीर आरोप लगाते हुए प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है.
ग्रामीण सहदेव हेंब्रम सहित अन्य लोगों का कहना है कि मौजा संख्या-10 के प्लॉट नंबर 1146 की जमीन पर अवैध रूप से खनन कार्य किया जा रहा है, जबकि खदान के सूचना बोर्ड में इस भूमि का कोई उल्लेख नहीं है.

ग्रामीणों के अनुसार कंपनी को निर्धारित प्लॉटों पर ही 22 अगस्त 2025 से 21 अगस्त 2035 तक खनन की अनुमति प्राप्त है, लेकिन इसके बावजूद सीमा से बाहर जाकर गतिविधियां संचालित की जा रही हैं.
आरोप यह भी है कि खदान की बाउंड्री से सटी गोचर भूमि पर मलबा डंप किया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों की आजीविका और पशुपालन प्रभावित हो रहा है. क्रशर से निकलने वाली धूल, पत्थर के टुकड़े और लगातार होने वाली ब्लास्टिंग से आसपास के घरों में भय और असुरक्षा का माहौल बना हुआ है.
ग्रामीणों ने बताया कि खदान शहरडाल- लादना मुख्य सड़क से मात्र 10 फीट की दूरी पर स्थित है, जिससे बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है.
इस मामले को लेकर पहले भी ग्रामसभा के माध्यम से प्रशासन को आवेदन दिया गया था और उच्च स्तर तक शिकायत भेजी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी और बढ़ गई है.
फिलहाल ग्रामीणों ने खदान और क्रशर की निष्पक्ष जांच कर तत्काल संचालन पर रोक लगाने की मांग की है. इधर, जामताड़ा उपायुक्त आलोक कुमार ने मामले को संज्ञान में लेते हुए जांच कर आवश्यक कार्रवाई की बात कही है.
रिपोर्ट: मनीष बर्णवाल

