
जमशेदपुर


चर्चित हिमांशु सिंह हत्याकांड में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. पुलिस के बढ़ते दबाव के बाद फिल्मी अंदाज में आत्मसमर्पण करने वाले मुख्य आरोपी राहुल दुबे को शनिवार को पूछताछ के बाद न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया. उसकी निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल किया गया चापड़ भी बरामद कर लिया गया है.
गौरतलब है कि 27 जून की रात करीब 11:30 बजे बिष्टुपुर थाना क्षेत्र स्थित डीडी बार के समीप हुए हमले में हिमांशु सिंह की हत्या कर दी गई थी, जबकि प्रत्युष भी गंभीर रूप से घायल हुआ था. इस सनसनीखेज वारदात ने पूरे कोल्हान में कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे.
घटना के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मामले पर कड़ा रुख अपनाया था. उन्होंने कानून- व्यवस्था पर नाराजगी जताते हुए तत्कालीन जमशेदपुर के एसएसपी और सरायकेला- खरसावां के एसपी को पद से हटाकर क्लोज कर दिया था. साथ ही दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और पूरे मामले के त्वरित उद्भेदन के निर्देश दिए गए थे.
इसके बाद जिले में नए वरीय पुलिस अधीक्षक की नियुक्ति हुई. पदभार संभालते ही नए एसएसपी ने इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड के खुलासे के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया. एसआईटी ने तकनीकी साक्ष्यों. सीसीटीवी फुटेज. मानवीय सूचना और अन्य उपलब्ध प्रमाणों के आधार पर लगातार छापेमारी अभियान चलाया.
सिटी एसपी ललित मीणा ने बताया कि जांच के दौरान अब तक नामजद और अन्य कुल 13 आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है. शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थी. पुलिस के बढ़ते दबाव के बीच मुख्य आरोपी राहुल दुबे पुलिस के समक्ष आया. पूछताछ के दौरान उसकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त चापड़ बरामद कर लिया गया.
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार राहुल दुबे कदमा थाना क्षेत्र के शास्त्रीनगर ब्लॉक नंबर-4 का निवासी है. उसका आपराधिक इतिहास रहा है. वह पूर्व में आर्म्स एक्ट. हत्या के प्रयास सहित कई गंभीर मामलों में जेल जा चुका है. उसके विरुद्ध कदमा थाना समेत अन्य थानों में भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं.
पुलिस ने राहुल दुबे को आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. वहीं फरार अन्य आरोपियों की तलाश में एसआईटी लगातार छापेमारी कर रही है. पुलिस का कहना है कि इस चर्चित हत्याकांड में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और सभी को जल्द कानून के दायरे में लाया जाएगा.
Edited By Sarita Mahato





