चाईबासा/ Jayant Pramanik पश्चिमी सिंहभूम जिले के सारंडा जंगल में नक्सलियों के खिलाफ चल रहे बड़े ऑपरेशन के बीच कुख्यात नक्सली मिसिर बेसरा को लेकर बड़ी खबर सामने आई है. बताया जा रहा है कि मिसिर बेसरा एक पहाड़ी पर घिर चुका है और वह कभी भी सरेंडर कर सकता है.

पुलिस मुख्यालय के अनुसार, यह अभियान नक्सलवाद के खिलाफ निर्णायक लड़ाई माना जा रहा है. जानकारी के मुताबिक करीब 5000 सुरक्षाबलों ने पूरे इलाके को घेर रखा है और मिसिर बेसरा के साथ लगभग 50 से अधिक नक्सली मौजूद हैं.
इधर, सर्च ऑपरेशन के दौरान स्थिति बेहद संवेदनशील बनी हुई है. बीते दो दिनों में आईईडी ब्लास्ट की घटनाओं में कुल 6 जवान घायल हो चुके हैं. गुरुवार को हुई ताजा घटना में सुरक्षाबलों की टीम जैसे ही जंगल के अंदर आगे बढ़ी, पहले से प्लांट किए गए आईईडी में जोरदार विस्फोट हो गया, जिसमें एक जवान गंभीर रूप से घायल हो गया. घायल जवान को तत्काल एयरलिफ्ट कर रांची भेजा गया, जहां उसका इलाज चल रहा है. इससे पहले बुधवार को भी सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ के बाद चलाए गए सर्च अभियान में 5 जवान घायल हो गए थे.
लगातार हो रही इन घटनाओं से इलाके की गंभीरता साफ झलक रही है. सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे सारंडा क्षेत्र में हाई अलर्ट जारी कर दिया है. अतिरिक्त बलों की तैनाती के साथ जंगल में सघन तलाशी अभियान जारी है. सुरक्षाबलों का लक्ष्य नक्सलियों के ठिकानों को पूरी तरह ध्वस्त कर क्षेत्र को सुरक्षित बनाना है. फिलहाल सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि मिसिर बेसरा कब और किन परिस्थितियों में सरेंडर करता है.

