सरायकेला: जिला उपभोक्ता विवाद निवारण फोरम के जर्जर और असुरक्षित भवन को लेकर अब आवाज तेज होने लगी है. झारखंड लीगल एडवाइजरी एंड डेवलपमेंट ऑर्गनाइजेशन (JLAADO) ने राज्य सरकार और जिला प्रशासन को पत्र भेजकर फोरम कार्यालय को सुरक्षित सरकारी भवन में स्थानांतरित करने की मांग की है.


संस्था के अध्यक्ष ओम प्रकाश द्वारा मुख्य सचिव, भवन निर्माण विभाग, खाद्य आपूर्ति विभाग, खान एवं भूतत्व विभाग तथा उपायुक्त सरायकेला- खरसावां को भेजे गए पत्र में कहा गया है कि वर्तमान में जिला उपभोक्ता विवाद निवारण फोरम का कार्यालय जिला सिविल कोर्ट परिसर से लगभग दो किलोमीटर दूर गोरांगडीह स्थित भवन में संचालित हो रहा है, जिसकी स्थिति काफी जर्जर और खतरनाक हो चुकी है.
पत्र में उल्लेख किया गया है कि भवन की चारदीवारी पहले ही गिर चुकी है. वर्ष 2021 में कार्यालय में चोरी की घटना भी हुई थी, जिसमें कंप्यूटर, प्रिंटर, पंखा सहित कई सामान चोरी हो गए थे. प्राथमिकी दर्ज होने के बावजूद सामान बरामद नहीं हो सका. संस्था ने दावा किया है कि भवन की दीवारों में दरारें पड़ चुकी हैं, छत से पानी टपकता है और कई हिस्से क्षतिग्रस्त हो चुके हैं, जिससे कर्मचारियों, अधिवक्ताओं और आम लोगों की सुरक्षा पर खतरा बना हुआ है.
संस्था ने सुझाव दिया है कि जिला सिविल कोर्ट परिसर के समीप वर्तमान में अस्थायी रूप से संचालित जिला खनन कार्यालय के भवन में उपभोक्ता फोरम को शिफ्ट किया जाए, ताकि लोगों को सुविधा मिल सके और सुरक्षा व्यवस्था भी सुनिश्चित हो सके.
मामले को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त कार्यालय की ओर से 22 मई 2026 को कार्यपालक अभियंता, भवन प्रमंडल सरायकेला- खरसावां को पत्र जारी कर भवन की जांच कर मरम्मत एवं निर्माण के लिए प्राक्कलन तैयार करने का निर्देश दिया गया है.
अब इस पूरे मामले को लेकर जिला प्रशासन की अगली कार्रवाई पर लोगों की नजर टिकी हुई है. अधिवक्ताओं और सामाजिक संगठनों का कहना है कि यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाया गया तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है.

