चाईबासा: झारखंड आंदोलन के इतिहास में महत्वपूर्ण स्थान रखने वाले गुआ गोलीकांड के शहीदों की स्मृति में मंगलवार को सारंडा के सलाई गांव स्थित शहीद वेदी पर श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई. सिंहभूम सांसद जोबा माझी और मनोहरपुर विधायक जगत माझी ने शहीद वेदी पर विधिवत नारियल फोड़कर पूजा-अर्चना की और शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित किए. कार्यक्रम में बड़ी संख्या में झामुमो कार्यकर्ता और स्थानीय ग्रामीण शामिल हुए.


गौरतलब है कि गुआ गोलीकांड 8 सितंबर 1980 को हुआ था. उस समय अलग झारखंड राज्य के आंदोलन के साथ जल, जंगल और जमीन तथा आदिवासियों के अधिकारों को लेकर सिंहभूम क्षेत्र में आंदोलन तेज था. उपलब्ध ऐतिहासिक रिपोर्टों के अनुसार वन अधिकारों और गिरफ्तार आंदोलनकारियों की रिहाई जैसे मुद्दों को लेकर हजारों लोग गुआ में जुटे थे. प्रदर्शन के दौरान पुलिस और आंदोलनकारियों के बीच संघर्ष हुआ. बाद में घायल आदिवासियों के अस्पताल पहुंचने के बाद भी हिंसा हुई और अस्पताल परिसर में आठ घायल आदिवासियों को गोली मारने की घटना दर्ज है. इस गोलीकांड ने पूरे कोल्हान को उद्वेलित किया और इसे झारखंड आंदोलन को नई गति देने वाली प्रमुख घटनाओं में गिना जाता है.
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए सांसद जोबा माझी ने कहा कि शहीदों को केवल श्रद्धांजलि देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनके संघर्ष और कुर्बानी के पीछे के उद्देश्य को भी याद रखना होगा. जिन हक और अधिकारों के लिए हमारे पूर्वजों ने संघर्ष किया और अपना बलिदान दिया, उनकी रक्षा की जिम्मेदारी वर्तमान पीढ़ी की है. उन्होंने कहा कि जल, जंगल और जमीन यहां के लोगों की पहचान और जीवन से जुड़े हैं. इनकी रक्षा के लिए समाज को एकजुट रहना होगा. साथ ही सभी समुदायों के बीच आपसी भाईचारा और एकता कायम रखते हुए अपने अधिकारों के लिए आवाज बुलंद करनी होगी.
मनोहरपुर विधायक जगत माझी ने भी शहीदों को नमन किया. कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने गुआ गोलीकांड के शहीदों के संघर्ष को याद करते हुए उनके सपनों और आदर्शों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया.
उल्लेखनीय है कि गुआ गोलीकांड की स्मृति आज भी झारखंड के अलग राज्य आंदोलन और आदिवासी अधिकारों के संघर्ष से गहराई से जुड़ी हुई है. ऐतिहासिक विवरणों के मुताबिक गोलीकांड के बाद तत्कालीन बिहार सरकार ने आदिवासियों के तीर-धनुष रखने पर भी प्रतिबंध लगाया था, जिसे लेकर व्यापक विरोध हुआ और बाद में यह प्रतिबंध हटाया गया.
श्रद्धांजलि कार्यक्रम में झामुमो जिला उपाध्यक्ष अकबर खान, प्रखंड अध्यक्ष रंजीत यादव, संजीव गंताइत, राजू सिंह, विक्रम सिंह, किशोर कुमार खलखो, चंचल रवानी, सुखराम सांडिल, बामिया माझी, सोमबारी बंहदा, निखिल साह समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और स्थानीय लोग मौजूद थे.

