
सरायकेला: आगामी निर्वाचन को निष्पक्ष. पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR)-2026 अभियान को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है. 57- खरसावां विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र के निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी- सह- अपर उपायुक्त जयवर्धन कुमार ने कुचाई प्रखंड सह अंचल कार्यालय सभागार में अभियान की समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश दिया कि कोई भी पात्र मतदाता मतदाता सूची से छूटना नहीं चाहिए और सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरे किए जाएं.


समीक्षा बैठक में सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी. मतदाता सूची प्रभारियों के पर्यवेक्षक. नियंत्रण कक्ष में प्रतिनियुक्त अधिकारी एवं कर्मियों सहित निर्वाचन कार्य से जुड़े सभी पदाधिकारी मौजूद रहे. बैठक में गणना प्रपत्रों के वितरण. संग्रहण और डिजिटल अभिलेखीकरण की प्रगति की बिंदुवार समीक्षा की गई.
अपर उपायुक्त ने कहा कि प्रत्येक पात्र मतदाता तक गणना प्रपत्र पहुंचाना और समय पर उसका संग्रहण सुनिश्चित करना सभी संबंधित अधिकारियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है. उन्होंने निर्देश दिया कि सभी अभिलेख सुव्यवस्थित रखे जाएं. आंकड़ों की शुद्धता बनाए रखी जाए तथा प्रत्येक स्तर पर नियमित निगरानी की जाए.
समीक्षा के दौरान जिन मतदान केंद्रों पर डिजिटल अभिलेखीकरण की प्रगति धीमी पाई गई. वहां विशेष कार्ययोजना बनाकर अभियान में तेजी लाने के निर्देश दिए गए. उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्धारित लक्ष्य हर हाल में समय पर पूरा किया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
जयवर्धन कुमार ने मतदाता सूची प्रभारियों के पर्यवेक्षकों को क्षेत्र का नियमित निरीक्षण करने. मतदाता सूची प्रभारियों के साथ सतत समन्वय बनाए रखने तथा अभियान के दौरान आने वाली समस्याओं का तत्काल समाधान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.
उन्होंने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR)-2026 लोकतांत्रिक व्यवस्था की आधारशिला है. इसलिए सभी अधिकारी और कर्मी पूरी ईमानदारी. निष्पक्षता. पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें तथा अभियान के दौरान अनुशासन बनाए रखें.
अपर उपायुक्त ने आम नागरिकों से भी अपील की कि वे अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं. गणना प्रपत्र सही एवं पूर्ण जानकारी के साथ निर्धारित समय-सीमा के भीतर संबंधित BLO को उपलब्ध कराएं. ताकि मतदाता सूची को अद्यतन. शुद्ध और त्रुटिरहित बनाकर प्रत्येक पात्र नागरिक के मताधिकार को सुरक्षित किया जा सके.
प्रमोद सिंह (संपादक)





