सरायकेला: सरायकेला प्रखंड के नुवागांव पंचायत अंतर्गत मौजा बिस्टुपादुका में बुधवार को नए ग्राम प्रधान के चयन की प्रक्रिया संपन्न हुई. पूर्व ग्राम प्रधान के निधन के बाद रिक्त हुए पद पर आयोजित ग्राम सभा की बैठक में ग्रामीणों ने मतदान के माध्यम से सूरज हेस्ता को नया ग्राम प्रधान चुना. उनके चयन के बाद ग्रामीणों में गांव के विकास और स्थानीय समस्याओं के समाधान को लेकर नई उम्मीद जगी है.


प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम प्रधान का पद रिक्त होने के बाद अंचल अधिकारी कार्यालय के पत्रांक 1094 के आलोक में नए ग्राम प्रधान के चयन के लिए ग्राम सभा की बैठक बुलाई गई थी. बैठक में वार्ड सदस्य, पंचायत की मुखिया तथा राजस्व उपनिरीक्षक की निगरानी में चयन प्रक्रिया पूरी की गई. इसमें ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और सूरज हेस्ता को ग्राम प्रधान की जिम्मेदारी सौंपी.
ग्रामीणों के विश्वास पर खरा उतरना प्राथमिकता : सूरज हेस्ता
नवनिर्वाचित ग्राम प्रधान सूरज हेस्ता ने कहा कि गांव के लोगों ने उन पर जो भरोसा जताया है, वह उनके लिए सम्मान के साथ-साथ एक बड़ी जिम्मेदारी भी है. उन्होंने कहा कि वह सभी ग्रामीणों को साथ लेकर चलने और उनकी उम्मीदों पर खरा उतरने का पूरा प्रयास करेंगे.
उन्होंने आगे कहा कि गांव में आपसी एकता, भाईचारा और परंपरागत ग्राम व्यवस्था को मजबूत करना उनकी प्राथमिकता होगी. ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुनकर उनके समाधान के लिए संबंधित जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित किया जाएगा. उन्होंने स्पष्ट किया कि गांव का प्रत्येक व्यक्ति उनके लिए समान है और वह बिना किसी भेदभाव के गांव के हित में काम करने का प्रयास करेंगे.
गांव के विकास को मिलेगी नई दिशा
सूरज हेस्ता के ग्राम प्रधान चुने जाने के बाद ग्रामीणों को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में गांव की एकजुटता बनी रहेगी और सामाजिक मामलों के समाधान में ग्राम सभा की भूमिका और अधिक प्रभावी होगी. ग्रामीणों की सहभागिता, आपसी सहयोग और सामूहिक प्रयासों से गांव की समस्याओं का समाधान करने के साथ विकास कार्यों को भी गति मिलने की अपेक्षा जताई जा रही है.
ग्रामीणों को विश्वास है कि नए ग्राम प्रधान के नेतृत्व में गांव की परंपरागत व्यवस्था को मजबूती मिलेगी और बिस्टुपादुका के विकास को नई दिशा प्राप्त होगी.
रिपोर्ट: प्रमोद सिंह (संपादक)

