चाईबासा/ Jayant Pramanik सदर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम बादुड़ी में मंगलवार को ग्रामीण मुंडा अरदन कुदादा के नेतृत्व में ग्रामीणों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई. बैठक में शहर में नो एंट्री व्यवस्था को कड़ाई से लागू करने और आंदोलनकारियों पर दर्ज मुकदमों को वापस लेने की मांग पर विस्तृत चर्चा हुई.

बैठक को संबोधित करते हुए प्रमुख आंदोलनकारी रमेश बालमुचू ने कहा कि क्षेत्र में भारी वाहनों की आवाजाही के कारण लगातार सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं और लोग अपनी जान गंवा रहे हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि जनप्रतिनिधियों की उदासीनता के कारण समस्या गंभीर होती जा रही है. उन्होंने कहा कि अब आंदोलन को उसके अंजाम तक पहुंचाना आवश्यक हो गया है.
अधिवक्ता महेंद्र जामुदा ने कानूनी और राजनीतिक पहलुओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नो एंट्री लागू करना और दर्ज मुकदमों को वापस लेना स्थानीय विधायक सह मंत्री के अधिकार क्षेत्र में आता है. उन्होंने कहा कि इसके लिए ठोस राजनीतिक इच्छाशक्ति की जरूरत है.
बैठक में ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि यदि स्थानीय विधायक इस गंभीर विषय पर पहल नहीं करते हैं तो एक प्रतिनिधिमंडल जल्द ही मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपनी मांगों को रखेगा. ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा.
बैठक में अरदन कुदादा, रमेश बालमुचू, महेंद्र जामुदा, साधु हो, तुलसी पुरती, मनोहर कुदादा, निर्मल कुदादा समेत कई ग्रामीण और युवा उपस्थित थे.

