सरायकेला (Pramod Singh) जिला शिक्षा पदाधिकारी जितेंन्द्र सिन्हा के जिले के कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय एवं अन्य आवासीय बालिका विद्यालयों के लिए की गई निविदा में तथाकथित चहेतों को प्राथमिकता की अनियमितता बरते जाने की प्रमंडलीय आयुक्त के जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद मैनेज की स्थिति बनने की चर्चा आम होने की बात बताई जाने लगी है. वहीं जिला शिक्षा पदाधिकारी जितेन्द्र सिन्हा के और भी शिक्षा टेंडर घोटाले के किस्से झारखंड प्रदेश की फिजां में तैरते हुए बताये जा रहे हैं. जिनमें एक किस्सा प्रदेश के चतरा जिले से जुड़ा हुआ है.

इस संबंध में चतरा जिला शिक्षा पदाधिकारी दिनेश कुमार मिश्र बीते 10 जनवरी को पत्र लिखकर जिला शिक्षा पदाधिकारी सरायकेला- खरसावां से स्पष्टीकरण की मांग कर चुके हैं. अपने लिखे पत्र में उन्होंने बताया है कि मेसर्स Wissenschaft Robotics की शिकायत पर उपायुक्त चतरा द्वारा गठित जांच रिपोर्ट के अनुसार जितेन्द्र सिन्हा चतरा जिला के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी के पद पर रहते हुए मेसर्स Wissenschaft Robotics को नियम का अनुपालन किये बगैर बिना निविदा के कार्यादेश देते हुए 50% राशि का अग्रिम भुगतान कराये जाने का दोषी माना गया है. इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी चतरा दिनेश कुमार मिश्र द्वारा पूर्व में ही साक्ष्य के साथ स्पष्टीकरण मांगा जा चुका है.

