सरायकेला: गम्हरिया थाना परिसर में महिला से कथित दुष्कर्म के मामले में पुलिस अधीक्षक मनोज स्वर्गीयारी ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए नौ पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है. इनमें दो सब इंस्पेक्टर, चार एएसआई, दो हवलदार और एक कांस्टेबल शामिल हैं. इस कार्रवाई के बाद मामले में अबतक थाना प्रभारी सहित कुल 15 पुलिसकर्मियों को निलंबित किया जा चुका है.


गौरतलब है कि रविवार को पुलिस अधीक्षक मनोज स्वर्गीयारी स्वयं गम्हरिया थाना पहुंचे और पूरे घटनाक्रम की जांच की. इस दौरान उन्होंने संबंधित पुलिस पदाधिकारियों एवं कर्मियों की भूमिका की समीक्षा की. एसपी ने बताया कि ताजा निलंबन की कार्रवाई अनुशासनहीनता बरतने और घटना की जानकारी वरीय अधिकारियों को समय पर नहीं देने के मामले में की गई है.
उल्लेखनीय है कि गम्हरिया थाना परिसर में महिला के साथ कथित दुष्कर्म का मामला सामने आने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने तत्काल कार्रवाई शुरू की थी. आरोपी वायरलेस ऑपरेटर आरक्षी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. वहीं थाना प्रभारी सहित अन्य पुलिसकर्मियों पर भी निलंबन की कार्रवाई की गई थी.
इधर घटना को लेकर राजनीतिक सरगर्मी भी तेज है. रविवार को पूर्व सांसद एवं भाजपा नेत्री गीता कोड़ा के नेतृत्व में भाजपा प्रतिनिधिमंडल ने एसपी से मुलाकात कर आरोपी के खिलाफ स्पीडी ट्रायल चलाने और सभी थानों को महिला फ्रेंडली बनाने की मांग की थी. वहीं झामुमो जिलाध्यक्ष डॉ. शुभेन्दु महतो ने पुलिस की कार्रवाई का समर्थन करते हुए कहा था कि दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए.
एसपी मनोज स्वर्गीयारी ने स्पष्ट किया है कि मामले की जांच जारी है और किसी भी स्तर पर लापरवाही अथवा संलिप्तता सामने आने पर संबंधित पुलिस पदाधिकारी या कर्मी के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी. लगातार हो रही निलंबन की कार्रवाई से स्पष्ट है कि पुलिस प्रशासन घटना के साथ-साथ मामले की सूचना देने और विभागीय अनुशासन के पालन में हुई चूक की भी जांच कर रहा है.

