गिरिडीह: जिले में जनगणना 2027 के पहले चरण को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है. उपायुक्त-सह-प्रधान जनगणना पदाधिकारी कार्यालय की ओर से जारी आदेश में जनगणना कार्य से जुड़े सभी पदाधिकारियों और कर्मियों की छुट्टी तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी गई है.

जारी आदेश के अनुसार जनगणना 2027 का प्रथम चरण 16 मई 2026 से 14 जून 2026 तक संचालित किया जाएगा, जिसमें मकान सूचीकरण और मकानों की गणना का कार्य किया जाएगा. इसके पहले 27 अप्रैल 2026 से 9 मई 2026 तक पर्यवेक्षकों और प्रगणकों का प्रशिक्षण फील्ड ट्रेनरों के माध्यम से कराया जाएगा.
प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि जनगणना कार्य में लगे सभी अधिकारी और कर्मी प्रशिक्षण में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहेंगे. यदि कोई कर्मचारी अवकाश पर है या मुख्यालय से बाहर है, तो उसे भी निर्धारित तिथि से प्रशिक्षण में शामिल होना सुनिश्चित करना होगा. आदेश में यह भी कहा गया है कि जनगणना कार्य पूरा होने तक सभी कर्मी संबंधित चार्ज जनगणना पदाधिकारी के अधीन कार्य करेंगे. किसी भी विशेष परिस्थिति में अवकाश केवल सक्षम अधिकारी की अनुमति से ही स्वीकृत होगा. बिना अनुमति कोई भी कर्मचारी मुख्यालय नहीं छोड़ सकेगा.
उपायुक्त कार्यालय ने सभी संबंधित विभागों और अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे अपने अधीनस्थ कर्मियों को इस आदेश की जानकारी देते हुए इसका सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित कराएं. प्रशासन का कहना है कि जनगणना एक अत्यंत महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य है, इसलिए इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

