औरंगाबाद: नए साल की सुबह ही बारुण थाना क्षेत्र के सिंदुरिया गांव में एक परिवार को मातम झेलना पड़ा. जहां राष्ट्रीय राजमार्ग-19 के किनारे गड्ढे में एक युवक का गला रेता हुआ शव मिला. मृतक की पहचान रमेश सिंह के 41 वर्षीय पुत्र दिलीप सिंह उर्फ मिरिंडा के रूप में हुई है. शव मिलने की खबर फैलते ही गांव में हड़कंप मच गया.

ग्रामीणों ने कुछ देर सड़क जाम किया और पुलिस को सूचना दी. सूचना मिलने के बाद पुलिस अधीक्षक राहुल अम्बरीष, सदर एसडीपीओ संजय कुमार पांडेय, सीओ और बारुण थानाध्यक्ष दल- बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे. अधिकारियों ने लोगों को समझाया और शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेजा.
मृतक के पिता रमेश सिंह ने बताया कि दिलीप रात में खाना खाकर सो गया था. देर रात किसी के फोन पर वह घर से निकला और फिर वापस नहीं आया. सुबह घर के पास ही उसका शव मिला. पुलिस के अनुसार शव सड़क किनारे टायर दुकान के पास गड्ढे में पड़ा था. टायर दुकानदार मोहम्मद तौफीक को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है.
परिजनों ने बताया कि दिलीप खेती-बाड़ी करता था और परिवार का भरण- पोषण करता था. उसके एक पुत्र और एक पुत्री हैं. पांच वर्षों से गोतिया के साथ तीन बीघा जमीन को लेकर विवाद चल रहा था. पुलिस प्रारंभिक जांच में जमीन विवाद को हत्या की मुख्य वजह मान रही है. पुलिस ने मृतक का मोबाइल जब्त कर कॉल डिटेल के आधार पर जांच शुरू कर दी है.
परिवार के लिए नए साल की शुरुआत दुखों भरी साबित हुई.

