रांची: JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन को अब राज्यव्यापी स्वरूप देने की तैयारी है. छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने घोषणा की है कि 24 अगस्त 2026, सोमवार से ‘JPSC-JSSC भ्रष्टाचार मुक्त भर्ती अभियान’ के दूसरे चरण की शुरुआत रामगढ़ जिले के नेमरा स्थित लुकैया टांड़ से की जाएगी. नेमरा मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और दिवंगत दिशोम गुरु पद्म भूषण शिबू सोरेन का पैतृक गांव है.


देवेंद्र नाथ महतो के अनुसार अभियान का उद्देश्य JPSC और JSSC की भर्ती व्यवस्था में पारदर्शिता, निष्पक्षता और जवाबदेही की मांग को राज्य के अभ्यर्थियों के बीच लेकर जाना और इसके लिए जनसमर्थन जुटाना है.
पारंपरिक तरीके से होगा यात्रा का शुभारंभ
यात्रा की शुरुआत झारखंड की पारंपरिक आदिवासी रीति-रिवाजों के साथ की जाएगी. वरिष्ठ पाहन की मौजूदगी में पारंपरिक विधि-विधान, मांदर की धुन, राष्ट्रगान और महापुरुषों को नमन करने के साथ सखुआ का पौधा लगाया जाएगा. इसके बाद भर्ती व्यवस्था सुधार यात्रा आगे के लिए रवाना होगी.
महतो ने कहा कि झारखंड की मिट्टी, संस्कृति, प्रकृति और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए अभियान की शुरुआत की जा रही है.
राज्य के विभिन्न जिलों से गुजरेगी यात्रा
प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार यात्रा रामगढ़ से शुरू होकर हजारीबाग, चतरा, कोडरमा, गिरिडीह, देवघर, दुमका, गोड्डा, साहिबगंज, पाकुड़, जामताड़ा, धनबाद, बोकारो, पूर्वी सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां, पश्चिमी सिंहभूम, खूंटी, सिमडेगा, गुमला, लातेहार, पलामू और गढ़वा होते हुए रांची पहुंचेगी.
यात्रा के दौरान अभ्यर्थियों के बीच भर्ती परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों पर संवाद किया जाएगा और पारदर्शी एवं निष्पक्ष भर्ती व्यवस्था की मांग को लेकर समर्थन जुटाया जाएगा.
अभ्यर्थियों के साथ चलेगी लीगल टीम
अभियान की एक महत्वपूर्ण कड़ी न्यायिक लड़ाई भी होगी. देवेंद्र नाथ महतो के अनुसार यात्रा के साथ अधिवक्ताओं की एक लीगल टीम मौजूद रहेगी. भर्ती से जुड़े न्यायिक मामलों में इंटरवेनर के रूप में शामिल होने के इच्छुक अभ्यर्थियों को वकालतनामा और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया के संबंध में सहयोग दिया जाएगा. इसका उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया से प्रभावित अभ्यर्थियों को विधिसम्मत तरीके से न्यायालय के समक्ष अपना पक्ष रखने में सहायता करना है.
शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक आंदोलन का दावा
आयोजकों ने स्पष्ट किया है कि पूरी यात्रा संवैधानिक, लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से आयोजित की जाएगी. हिंसा, उपद्रव अथवा कानून- व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधियों से अभियान का कोई संबंध नहीं होगा. देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि आंदोलन का उद्देश्य सरकार और संबंधित भर्ती संस्थाओं के समक्ष अभ्यर्थियों की समस्याओं और मांगों को लोकतांत्रिक तरीके से रखना है.
उन्होंने कहा कि यह अभियान केवल भर्ती परीक्षाओं का मुद्दा नहीं, बल्कि झारखंड के युवाओं के भविष्य, अधिकार और सम्मान से जुड़ी लड़ाई है. उनका लक्ष्य ऐसी भर्ती व्यवस्था की मांग को मजबूत करना है, जिसमें योग्य अभ्यर्थियों के साथ न्याय हो और कथित भ्रष्टाचार एवं अनियमितताओं की कोई गुंजाइश न रहे.

