जामताड़ा: सरकारी नाली पर अतिक्रमण कर किए गए निर्माण और वहां चारपहिया वाहन खड़ा किए जाने की शिकायत पर जामताड़ा नगर पंचायत प्रशासन ने शनिवार को कार्रवाई की. नगर पंचायत की टीम बुलडोजर लेकर मौके पर पहुंची और भारी पुलिस बल की मौजूदगी में नाली के ऊपर किए गए अतिक्रमण को हटाकर स्थान को खाली कराया.



मामला जामताड़ा रक्षा काली मंदिर के समीप मुख्य सड़क किनारे स्थित सरकारी नाली का है. स्थानीय निवासी पाण्डव रजक, पिता स्वर्गीय प्रदीप रजक, निवासी राजबाड़ी, कोदालखुशु, जामताड़ा ने नगर पंचायत कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई थी. शिकायत में आरोप लगाया गया था कि किशोर गुप्ता द्वारा मुख्य सड़क की सरकारी नाली के ऊपर करीब 20 फीट लंबाई में ढलाई कर निर्माण कर लिया गया था. आरोप के अनुसार, इस स्थान पर दिन-रात चारपहिया वाहन खड़े किए जाने से स्कूल बसों सहित अन्य वाहनों और राहगीरों के आवागमन में परेशानी हो रही थी.
शिकायतकर्ता के अनुसार नाली में लंबे समय से गंदगी जमा होने के कारण जल निकासी भी प्रभावित हो रही थी. इसके चलते आसपास जलजमाव और दुर्गंध की समस्या बनी हुई थी तथा स्थानीय लोगों ने बीमारी फैलने की आशंका भी जताई थी.
शिकायत मिलने के बाद नगर पंचायत प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। टीम बुलडोजर लेकर मौके पर पहुंची. कार्रवाई के दौरान किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई थी. प्रशासनिक टीम ने नाली के ऊपर किए गए निर्माण को बुलडोजर से हटाकर सरकारी नाली को अतिक्रमण मुक्त कराया.
कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली. लोगों का कहना है कि अतिक्रमण हटने से मुख्य सड़क पर आवागमन सुचारू होने के साथ नाली की जल निकासी व्यवस्था भी बेहतर होगी. प्रशासन की ओर से नाली की सफाई की कार्रवाई भी की गई. स्थानीय लोगों ने सरकारी नालियों और सार्वजनिक स्थानों पर किए गए अन्य अतिक्रमण के खिलाफ भी इसी तरह कार्रवाई करने की मांग की है.
रिपोर्ट: मनीष बर्णवाल





