जामताड़ा: शहर स्थित ईसीएल रेलवे साइडिंग में शनिवार सुबह कोयला चोरी रोकने के दौरान होमगार्ड जवान पर हमला और उसे बंधक बनाए जाने की घटना से इलाके में सनसनी फैल गई. घटना के बाद पुलिस और ग्रामीणों के बीच कुछ देर तक तनाव की स्थिति बनी रही. पुलिस ने दोनों पक्षों के आरोपों के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है.


जानकारी के अनुसार, शनिवार सुबह बड़ी संख्या में लोग रेलवे साइडिंग से कोयला चोरी करने पहुंचे थे. ड्यूटी पर तैनात होमगार्ड जवानों ने उन्हें रोकने का प्रयास किया. इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई.
आरोप है कि कुछ लोगों ने होमगार्ड जवान मिलन दास को बंधक बनाकर पास के एक गांव में ले गए, जहां उसके साथ मारपीट की गई. घायल जवान के शरीर पर कई जगह चोट के निशान पाए गए हैं.
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन स्थिति तनावपूर्ण बनी रही. इसके बाद थाना प्रभारी इंस्पेक्टर मनोज महतो अतिरिक्त पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे. इस दौरान उनके साथ भी कथित तौर पर बदसलूकी की गई. काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने होमगार्ड जवान को सुरक्षित मुक्त कराकर थाना पहुंचाया.
होमगार्ड की ओर से थाना में लिखित आवेदन दिया जा रहा है. वहीं, ग्रामीणों का कहना है कि विवाद की शुरुआत होमगार्ड जवानों द्वारा अभद्र भाषा का प्रयोग करने और एक युवक के साथ मारपीट किए जाने से हुई, जिसके बाद स्थिति बिगड़ गई.
थाना प्रभारी इंस्पेक्टर मनोज महतो ने बताया कि दोनों पक्षों के आरोपों को गंभीरता से लिया गया है. प्राप्त आवेदन के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच की जाएगी. जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी.
रिपोर्ट: मनीष बर्णवाल

