
सरायकेला: जिले में चलती ट्रेन में लापरवाही से सफर करना एक युवक के लिए जानलेवा साबित होते- होते बच गया. रविवार की अहले सुबह मुंडाटांड गांव के समीप रेलवे ट्रैक पर एक युवक गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिला. घायल की पहचान छत्तीसगढ़ के बलरामपुर निवासी भीम शंकर नागेसिया के रूप में हुई है, जिसका इलाज सरायकेला सदर अस्पताल में चल रहा है.


जानकारी के अनुसार भीम शंकर नागेसिया टाटानगर में मजदूरी करता है और काम खत्म होने के बाद ट्रेन से अपने घर लौट रहा था. सफर के दौरान वह ट्रेन के दरवाजे पर बैठा हुआ था. लंबी यात्रा और थकान के कारण उसे झपकी आ गई. इसी दौरान संतुलन बिगड़ने से वह चलती ट्रेन से नीचे गिर पड़ा और गंभीर रूप से घायल हो गया.
रविवार सुबह करीब छह बजे मुंडाटांड गांव के ग्रामीणों ने युवक को रेलवे ट्रैक के किनारे खून से लथपथ हालत में देखा. उसके सिर और चेहरे पर गंभीर चोटें थीं. ग्रामीणों ने तत्काल रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) को सूचना दी.
सूचना मिलते ही आरपीएफ की टीम मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से घायल युवक को सरायकेला सदर अस्पताल पहुंचाया. चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसे निगरानी में रखा है. डॉक्टरों के अनुसार युवक के सिर और चेहरे पर गंभीर चोटें आई हैं, हालांकि समय पर इलाज मिलने से उसकी हालत में सुधार की उम्मीद है.
यह घटना एक बार फिर चलती ट्रेन के दरवाजे पर बैठकर या खड़े होकर यात्रा करने के खतरों को उजागर करती है. रेलवे लगातार यात्रियों से सुरक्षित यात्रा करने की अपील करता रहा है, लेकिन लापरवाही कई बार बड़े हादसों का कारण बन जाती है.
प्रमोद सिंह (संपादक)





