जमशेदपुर: रोटरैक्ट क्लब ऑफ नेताजी सुभाष विश्वविद्यालय की ओर से सिमुरडांगा हाई स्कूल में डिजिटल शिक्षा 2.0 परियोजना का शुभारंभ किया गया. इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को डिजिटल युग के अनुरूप कंप्यूटर एवं तकनीकी ज्ञान की बुनियादी शिक्षा उपलब्ध कराना है, ताकि वे भविष्य की चुनौतियों के लिए बेहतर ढंग से तैयार हो सकें.


परियोजना के प्रथम सत्र में कक्षा 4 से 8 तक के विद्यार्थियों को कंप्यूटर की मूलभूत जानकारी, उसके उपयोग, डिजिटल साक्षरता तथा अन्य आवश्यक तकनीकी विषयों की जानकारी दी गई. इस दौरान 10 से 12 रोटरैक्ट स्वयंसेवकों ने विद्यार्थियों के साथ संवादात्मक एवं रोचक शिक्षण सत्र आयोजित किए. विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए तकनीक से जुड़ी नई जानकारियां प्राप्त कीं.
रोटरैक्ट क्लब की ओर से बताया गया कि यह परियोजना आगामी तीन महीनों तक प्रत्येक शनिवार को नियमित रूप से संचालित की जाएगी. इसके माध्यम से 400 से अधिक विद्यार्थियों को डिजिटल शिक्षा एवं तकनीकी कौशल का प्रशिक्षण देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है. इस पहल से विद्यार्थियों के डिजिटल ज्ञान, तकनीकी दक्षता और आत्मविश्वास में वृद्धि होगी.
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलसचिव नागेंद्र ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि वर्तमान समय में डिजिटल शिक्षा प्रत्येक विद्यार्थी की मूलभूत आवश्यकता बन चुकी है. ऐसे प्रयास विद्यार्थियों को तकनीक से जोड़ने के साथ-साथ उनके उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव तैयार करते हैं. उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पहल आने वाले समय में सैकड़ों विद्यार्थियों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाएगी.
कार्यक्रम के सफल आयोजन के साथ डिजिटल शिक्षा 2.0 का पहला चरण संपन्न हुआ. विद्यार्थियों की उत्साहपूर्ण सहभागिता ने इस पहल को मजबूत शुरुआत प्रदान की. रोटरैक्ट क्लब ने भविष्य में भी शिक्षा, डिजिटल साक्षरता और कौशल विकास से जुड़े समाजोपयोगी कार्यक्रम लगातार संचालित करने का संकल्प दोहराया.
रिपोर्ट: प्रमोद सिंह

