घाटशिला: भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने रविवार को घाटशिला विधानसभा क्षेत्र के गुड़ाबांदा मैदान में आयोजित बूथ स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित करते हुए राज्य सरकार पर तीखा प्रहार किया. उन्होंने कहा कि यह उपचुनाव झारखंड को दलालों, बिचौलियों और भ्रष्टाचारियों से बचाने का चुनाव है.

मरांडी ने कहा कि हेमंत सोरेन सरकार कहने को “अबुआ सरकार” है, लेकिन आज आदिवासी और मूलवासी सबसे ज्यादा पीड़ित हैं. राज्य में बिचौलिए, दलाल और माफिया हावी हैं, जबकि विकास के कार्य पूरी तरह ठप पड़े हैं. गरीब जनता को अपना घर बनाने के लिए बालू तक नहीं मिल पा रहा है.

उन्होंने कहा कि उनके नेतृत्व में बनी सरकार के दौरान जनता के लिए बालू फ्री किया गया था, लेकिन जब 2013 में हेमंत सोरेन मुख्यमंत्री बने तो उन्होंने बालू घाटों को बाहरी दलालों और बिचौलियों को सौंप दिया. आज यदि कोई गरीब व्यक्ति नदी से बालू उठाता है तो पुलिस उसे पकड़ लेती है.
मरांडी ने कहा कि घाटशिला की जनता इस उपचुनाव में यह संदेश देगी कि अब राज्य को दलालों और भ्रष्टाचारियों से मुक्त कराना है. उन्होंने राज्य की जनसांख्यिकी में हो रहे बदलाव पर चिंता जताई और कहा कि कांग्रेस शासनकाल की जनगणना के आंकड़ों के अनुसार आदिवासियों की आबादी 1951 में 36 प्रतिशत से घटकर अब 26 प्रतिशत रह गई है, वहीं सनातनी हिंदू 88 प्रतिशत से घटकर 81 प्रतिशत और मुस्लिम आबादी 8.9 प्रतिशत से बढ़कर 14.3 प्रतिशत हो गई है.
मरांडी ने कहा कि यह सामान्य वृद्धि नहीं है बल्कि बांग्लादेशी और रोहिंग्या घुसपैठ का परिणाम है, जिसे मौजूदा सरकार संरक्षण दे रही है. उन्होंने कहा कि भाजपा झारखंड की माटी, रोटी और बेटी की सुरक्षा के लिए संकल्पित है.
उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं से जीत का संकल्प पूरा करने का आह्वान किया और कहा कि चाकुलिया जैसे इलाकों में, जहां पहले मुस्लिम आबादी शून्य थी, अब वहां भी आधार कार्ड बनवाए जा रहे हैं, जो एक सुनियोजित षड्यंत्र का हिस्सा है. इस अवसर पर जमशेदपुर सांसद विद्युत वरण महतो, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दिनेशानंद गोस्वामी, पूर्व विधायक रामकुमार पाहन सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी उपस्थित थे.

