राजनगर: प्रखंड के बीजाडीह गांव में शनिवार को आदिवासी समाज के महान समाज सुधारक और हो भाषा के प्रणेता ओत गुरु लाको बोदरा की 107वीं जयंती श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई. इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री सह विधायक चंपाई सोरेन ने लाको बोदरा की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की.


समारोह में जिला परिषद अध्यक्ष सोनाराम बोदरा सहित आदिवासी समाज के कई गणमान्य लोग और बड़ी संख्या में हो समाज के लोग उपस्थित रहे. इस दौरान लोगों ने ओत गुरु लाको बोदरा के सामाजिक, सांस्कृतिक और भाषाई क्षेत्र में दिए गए योगदान को याद किया.
समारोह को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि ओत गुरु लाको बोदरा ने हो समाज की भाषा, संस्कृति और पहचान को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण कार्य किया. उन्होंने हो भाषा के संरक्षण और विकास के साथ समाज को अपनी सांस्कृतिक पहचान के प्रति जागरूक करने में अहम भूमिका निभाई. उनके विचार और प्रयास आज भी समाज को अपनी भाषा और संस्कृति के संरक्षण के लिए प्रेरित करते हैं.
जयंती समारोह के दौरान पारंपरिक रीति-रिवाज और सांस्कृतिक झलक देखने को मिली. उपस्थित लोगों ने ओत गुरु लाको बोदरा के बताए मार्ग पर चलने तथा हो समाज की भाषा, संस्कृति और परंपराओं को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया. बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी से बीजाडीह गांव का माहौल श्रद्धा और उत्साह से भरा रहा.
रिपोर्ट : रासबिहारी मंडल

