जामताड़ा/ Manish Barnwal

झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के नेता मनोज झा ने बुधवार को राजभवन में राज्यपाल संतोष गंगवार से शिष्टाचार भेंट की. इस दौरान उन्होंने जामताड़ा कॉलेज एवं उससे संबद्ध विश्वविद्यालय से जुड़े शैक्षणिक, प्रशासनिक और छात्रहित के कई गंभीर मुद्दों को राज्यपाल के समक्ष रखा.
मनोज झा ने राज्यपाल को बताया कि जामताड़ा कॉलेज में लंबे समय से शैक्षणिक अव्यवस्थाएं व्याप्त हैं.
शिक्षकों की भारी कमी, नियमित कक्षाओं का अभाव, परीक्षा परिणामों में देरी, कमजोर आधारभूत संरचना और छात्रों को मिलने वाली सुविधाओं की कमी के कारण हजारों छात्र- छात्राओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है.
उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय स्तर पर भी प्रशासनिक सुस्ती के कारण फाइलें लंबित रहती हैं, जिससे शैक्षणिक सत्र बाधित होता है. इसके साथ ही उन्होंने जामताड़ा में पीजी की पढ़ाई, बीएड और कॉमर्स की पढ़ाई शुरू कराने की मांग भी रखी.
मनोज झा ने कॉलेज में स्थायी शिक्षकों की नियुक्ति, प्रयोगशालाओं और पुस्तकालय के आधुनिकीकरण, छात्रावास सुविधाओं के विस्तार, समय पर परीक्षा एवं परिणाम जारी करने और विश्वविद्यालय द्वारा कॉलेजों की नियमित मॉनिटरिंग की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया.
उन्होंने कहा कि जामताड़ा जैसे पिछड़े और आदिवासी बहुल क्षेत्र में उच्च शिक्षा का सशक्त होना बेहद जरूरी है, ताकि स्थानीय युवाओं को बेहतर भविष्य मिल सके और पलायन पर रोक लगाई जा सके. उन्होंने राज्यपाल से आग्रह किया कि विश्वविद्यालय प्रशासन को आवश्यक निर्देश देकर समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए.
राज्यपाल संतोष गंगवार ने सभी बातों को गंभीरता से सुना और संबंधित विभाग एवं विश्वविद्यालय प्रशासन से रिपोर्ट मंगवाकर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया.
इस मुलाकात को जामताड़ा के छात्र, अभिभावक और शिक्षाविद एक सकारात्मक पहल के रूप में देख रहे हैं और उम्मीद जता रहे हैं कि इससे कॉलेज और विश्वविद्यालय की व्यवस्था में सुधार होगा.

