जामताड़ा: महान समाज सुधारक एवं शिक्षाविद् पंडित ईश्वर चंद्र विद्यासागर की ऐतिहासिक कर्मभूमि कर्माटांड़ स्थित नंदन कानन में शुक्रवार को भारत सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के विदेश व्यापार महानिदेशालय के अतिरिक्त महानिदेशक अभिनव गुप्ता पहुंचे. उन्होंने विद्यासागर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की और उनकी कर्मभूमि से जुड़ी ऐतिहासिक विरासत का अवलोकन किया.


इस दौरान अभिनव गुप्ता ने कहा कि पंडित ईश्वर चंद्र विद्यासागर की कर्मस्थली पर पहुंचना उनके लिए सौभाग्य की बात है. शिक्षा, समाज सुधार और मानव सेवा के क्षेत्र में उनका योगदान अतुलनीय है. उनके विचार और आदर्श आज भी समाज तथा नई पीढ़ी के लिए मार्गदर्शक हैं.
बालिका शिक्षा और आदिवासी समाज के उत्थान में विद्यासागर का योगदान अविस्मरणीय
अभिनव गुप्ता ने कहा कि पंडित विद्यासागर ने अपना जीवन बालिका शिक्षा के प्रसार, गरीबों, आदिवासियों और वंचित वर्गों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया. पश्चिम बंगाल की सीमा से सटे कर्माटांड़ क्षेत्र को अपनी कर्मभूमि बनाकर उन्होंने समाज सेवा की अनूठी मिसाल पेश की.
उन्होंने कहा कि विद्यासागर ने विद्यालयों की स्थापना कर बालिका शिक्षा को प्रोत्साहित किया. इसके साथ ही होम्योपैथिक चिकित्सा के माध्यम से आदिवासी समुदाय के लोगों की सेवा भी की. उनकी कर्मभूमि से जुड़ी ऐतिहासिक वस्तुओं और स्थलों को देखकर शिक्षा, समानता और मानवीय मूल्यों के प्रति उनके समर्पण की प्रेरणा मिलती है.
पट्टाजोरी विद्यालय का निरीक्षण, विद्यार्थियों से किया संवाद
झारखंड शिक्षा परियोजना, जामताड़ा की ओर से जारी भ्रमण कार्यक्रम के तहत अभिनव गुप्ता जिले के दो दिवसीय दौरे पर हैं. इसी क्रम में उन्होंने उत्क्रमित उच्च विद्यालय पट्टाजोरी का निरीक्षण कर शैक्षणिक एवं आधारभूत व्यवस्थाओं की जानकारी ली.
उन्होंने विद्यालय की आधारभूत संरचना, खेलकूद सुविधाओं, सांस्कृतिक गतिविधियों, प्रयोगशाला और अन्य शैक्षणिक संसाधनों का अवलोकन किया. निरीक्षण के दौरान बाल संसद के सदस्यों से बातचीत कर विद्यालय की गतिविधियों और व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की.
अभिनव गुप्ता ने छात्र-छात्राओं से संवाद कर उनकी पढ़ाई, रुचियों और भविष्य की आकांक्षाओं के बारे में भी जाना. अपने दौरे के दौरान वे जिले के पीएम श्री विद्यालयों की शैक्षणिक व्यवस्था और उपलब्ध सुविधाओं की समीक्षा भी कर रहे हैं.
इस अवसर पर जिला शिक्षा पदाधिकारी चार्ल्स हेम्ब्रम, विद्यासागर स्मृति रक्षा समिति के सचिव चंदन मुखर्जी, क्षेत्र शिक्षा पदाधिकारी सर्किल मरांडी, एपीओ मनोज कुमार, लेखापाल अनिल कुमार, सीआरपी राजेश कुमार गुप्ता, विनय कुमार भैय्या, शिक्षक विद्या सागर सहित अन्य लोग उपस्थित थे.
रिपोर्ट: मनीष बर्णवाल

