वैशाली/ Arzoo Bakhsh बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भगवान बुद्ध की कर्मस्थली वैशाली में बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय सह स्मृति स्तूप का भव्य उद्घाटन किया. यह स्थल भगवान महावीर की जन्मस्थली और भगवान बुद्ध की ऐतिहासिक भूमि मानी जाती है.

इस परियोजना का निर्माण कला, संस्कृति एवं युवा विभाग, बिहार सरकार द्वारा कराया गया है. वैशाली के पवित्र पुष्करणी तालाब और प्राचीन मड स्तूप के पास 72 एकड़ भूमि पर यह स्तूप राजस्थान के गुलाबी पत्थरों से निर्मित किया गया है. इसकी कुल लागत 550.48 करोड़ रुपये बताई जा रही है.
स्मृति स्तूप के प्रथम तल पर भगवान बुद्ध का पावन अस्थि कलश स्थापित किया गया है, जो श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बना हुआ है. उद्घाटन समारोह में उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, विजय कुमार सिन्हा, मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, वैशाली विधायक सिद्धार्थ पटेल, डीएम वर्षा सिंह, एसपी ललित मोहन शर्मा, एसडीओ और एसडीपीओ समेत बड़ी संख्या में अधिकारी और आम लोग मौजूद रहे.
इस कार्यक्रम की विशेष बात यह रही कि इसमें भारत सहित चीन, जापान, श्रीलंका, थाईलैंड, नेपाल, तिब्बत, म्यांमार, भूटान, वियतनाम और कंबोडिया जैसे करीब 15 देशों से आए बौद्ध भिक्षुओं ने भाग लिया. इससे यह आयोजन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक महत्वपूर्ण बौद्धिक और सांस्कृतिक मिलन समारोह बन गया.

