जामताड़ा: झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने शनिवार को जामताड़ा सदर अस्पताल पहुंचकर हाल में हुई हिंसक घटना का निरीक्षण किया और स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा की. अस्पताल में तोड़फोड़ और स्वास्थ्यकर्मियों के साथ हुई कथित अभद्रता पर कड़ा रुख अपनाते हुए उन्होंने कहा कि “अस्पताल में गुंडागर्दी और राजनीति किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं होगी. जो भी दोषी है, चाहे पाताल में भी छिपा हो, उसे ढूंढकर कानून के कटघरे में लाया जाएगा.”


स्वास्थ्य मंत्री ने अस्पताल के विभिन्न वार्डों, आपातकालीन कक्ष और अन्य विभागों का निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने घटनास्थल का जायजा लिया तथा डॉक्टरों, नर्सों और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली. निरीक्षण के समय जिला प्रशासन और पुलिस के अधिकारी भी मौजूद रहे.
डॉ. अंसारी ने सीसीटीवी फुटेज देखने और स्वास्थ्यकर्मियों से जानकारी लेने के बाद जिला प्रशासन को दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि अस्पताल जनता की जान बचाने का स्थान है और इसे राजनीति या अराजकता का केंद्र नहीं बनने दिया जाएगा. सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाना, स्वास्थ्यकर्मियों पर हमला करना और मरीजों की सुरक्षा से खिलवाड़ करना गंभीर अपराध है.
उन्होंने कहा कि यदि किसी डॉक्टर या अधिकारी की ओर से लापरवाही हुई थी तो उसके खिलाफ प्रशासनिक और कानूनी प्रक्रिया के तहत शिकायत की जा सकती थी, लेकिन कानून को हाथ में लेकर अस्पताल में तोड़फोड़, मारपीट और महिलाओं के साथ कथित अभद्र व्यवहार किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है.
स्वास्थ्य मंत्री ने आरोप लगाया कि कुछ भाजपा समर्थकों ने माहौल को भड़काने का प्रयास किया और मृतका के परिजनों को उकसाकर अस्पताल में अराजक स्थिति पैदा की. उन्होंने कहा कि इस कारण डॉक्टर, नर्स और अन्य स्वास्थ्यकर्मी भय के माहौल में काम करने को मजबूर हुए तथा महिला डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ के साथ कथित अभद्र व्यवहार की घटनाएं अत्यंत निंदनीय हैं.
उन्होंने स्पष्ट किया कि जो भी व्यक्ति स्वास्थ्य सेवाओं में बाधा डालेगा या अस्पतालों में दहशत फैलाने की कोशिश करेगा, उसके खिलाफ कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी.
इससे पहले स्वास्थ्य मंत्री मृतका के परिजनों से उनके आवास पर मिले. उन्होंने शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए पूरे मामले की जानकारी ली तथा तत्काल 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की. साथ ही भविष्य में भी हरसंभव सरकारी सहयोग का आश्वासन दिया.
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्यकर्मियों की सुरक्षा, सम्मान और निर्बाध स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है तथा कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा.
रिपोर्ट: मनीष बर्णवाल





