आदित्यपुर: जर्जर सड़कों से जूझ रहे आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र के उद्यमियों और कामगारों को जल्द राहत मिलने की उम्मीद जगी है. जियाडा के क्षेत्रीय निदेशक प्रेम रंजन ने सातवें चरण की क्षतिग्रस्त सड़कों के निर्माण के लिए संबंधित अधिकारियों को अविलंब DPR तैयार करने का निर्देश दिया है. साथ ही औद्योगिक क्षेत्र के सभी फेज की प्रमुख सड़कों का निर्माण बरसात के बाद शुरू कराने की बात कही है.


शुक्रवार को उद्यमी संगठन इसरो (ISRO) के प्रतिनिधिमंडल ने क्षेत्रीय निदेशक प्रेम रंजन से मुलाकात कर औद्योगिक क्षेत्र की समस्याओं को उनके समक्ष रखा. उद्यमियों ने बताया कि कई स्थानों पर सड़कें काफी जर्जर हो चुकी हैं. इससे उद्योगों तक मालवाहक वाहनों की आवाजाही के साथ कामगारों और अन्य लोगों को भी परेशानी हो रही है.
प्रतिनिधिमंडल ने मांग रखी कि व्यापक सड़क निर्माण योजना शुरू होने का इंतजार करने के बजाय अत्यधिक क्षतिग्रस्त हिस्सों की तत्काल मरम्मत कराई जाए. विशेष रूप से सातवें चरण की जर्जर सड़कों का मुद्दा उठाया गया. इस पर क्षेत्रीय निदेशक ने अधिकारियों को DPR तैयार करने का निर्देश दिया.
प्रेम रंजन ने कहा कि बरसात समाप्त होने के बाद आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र के सभी फेज की सड़कों के निर्माण की प्रक्रिया शुरू कराई जाएगी. लक्ष्य है कि अगले दो माह के भीतर प्रमुख सड़कों पर निर्माण कार्य शुरू हो जाए.
इस दौरान उद्यमियों ने आरआईटी मोड़ की सड़क की मरम्मत कराए जाने पर क्षेत्रीय निदेशक के प्रति आभार जताया. साथ ही औद्योगिक क्षेत्र के विभिन्न चौक-चौराहों पर लगने वाले जाम की समस्या उठाते हुए यातायात व्यवस्था में सुधार की मांग की. प्रतिनिधिमंडल में इसरो के अध्यक्ष रूपेश कतारियार, महासचिव समीर सिंह, विकास गार्ग समेत अन्य उद्यमी शामिल थे.
रिपोर्ट: विपिन वार्ष्णेय

