
रामगढ़: अपराध नियंत्रण और सक्रिय अपराधियों की प्रभावी निगरानी को नई दिशा देते हुए पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुणायत ने रामगढ़ पुलिस में एक अभिनव और तकनीक आधारित पहल की शुरुआत की है. एसपी के निर्देश पर 36 सदस्यीय “क्राइम प्रिवेंशन एंड डिटेक्शन विंग (Crime Prevention & Detection Wing)” का गठन किया गया है. साथ ही आरोप-पत्रित अपराधियों की डिजिटल प्रोफाइलिंग और निगरानी के लिए डिजिटल क्रिमिनल मॉनिटरिंग पोर्टल विकसित किया गया है.


रामगढ़ पुलिस द्वारा वर्ष 2021 से 31 मार्च 2026 तक हत्या, संगठित अपराध, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस, अवैध शराब, डकैती, लूट, छिनतई, रंगदारी, चोरी, वाहन चोरी और अन्य मामलों में 1,971 आरोप-पत्रित अपराधियों का विस्तृत डाटा तैयार किया गया है. इनमें 1,374 रामगढ़ जिले, 458 अन्य जिलों तथा 139 अन्य राज्यों के अपराधी शामिल हैं.
नई व्यवस्था के तहत प्रत्येक आरोप-पत्रित अपराधी का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा, जिसमें उसका आपराधिक इतिहास, वर्तमान पता, सत्यापन रिपोर्ट, अपराध की कार्यप्रणाली (Modus Operandi) तथा अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां सुरक्षित रहेंगी. प्रत्येक अपराधी का केस थाना और निवास थाना दोनों स्तर पर दोहरा (Dual) भौतिक सत्यापन भी कराया जाएगा.
एसपी मुकेश कुमार लुणायत ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि सूचीबद्ध अपराधियों की नियमित समीक्षा कर आवश्यकता अनुसार सीसीए प्रस्ताव, निगरानी प्रस्ताव, जमानत निरस्तीकरण, जिला बदर और एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए. साथ ही जेल से जमानत पर बाहर आए अपराधियों की भी लगातार निगरानी रखी जाएगी.
रामगढ़ पुलिस ने आम लोगों से भी अपील की है कि अपराध या अपराधियों से जुड़ी किसी भी सूचना की तत्काल पुलिस को जानकारी दें. सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी. पुलिस का कहना है कि इस डिजिटल पहल से अपराध नियंत्रण, अनुसंधान और अपराधियों की निगरानी पहले से अधिक प्रभावी और आधुनिक बनेगी.
Edited By Sarita





