सरायकेला/ Pramod Singh नगर में आयोजित राजकीय छऊ महोत्सव 2026 इस बार अपनी भव्य प्रस्तुतियों के साथ- साथ अव्यवस्था को लेकर भी चर्चा में रहा. जहां एक ओर छऊ कलाकारों ने मंच पर शानदार प्रस्तुति देकर दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया, वहीं दूसरी ओर मुख्य अतिथि की अनुपस्थिति ने आयोजन की गरिमा पर सवाल खड़े कर दिए.


इस प्रतिष्ठित महोत्सव में ईचागढ़ की विधायक सविता महतो और खरसावां के विधायक दशरथ गागराई शामिल नहीं हुए. इसके अलावा संबंधित विभाग के मंत्री और राज्य के परिवहन मंत्री दीपक बिरुआ भी कार्यक्रम से दूरी बनाए रहे. स्थिति ऐसी बन गई कि जिला प्रशासन को अंतिम समय तक मुख्य अतिथि की तलाश में मशक्कत करनी पड़ी. बताया जाता है कि कार्यक्रम की गरिमा बनाए रखने के लिए प्रशासन को कई स्तर पर प्रयास करने पड़े. अंततः सिंहभूम की सांसद जोबा माझी के पहुंचने से स्थिति संभली और कार्यक्रम औपचारिक रूप से संपन्न हो सका.
इस घटनाक्रम के बाद स्थानीय लोगों और राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है. लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर इतने बड़े और ऐतिहासिक आयोजन से जनप्रतिनिधियों की दूरी क्यों रही. इसे लेकर समन्वय की कमी और संभावित राजनीतिक कारणों की भी चर्चा हो रही है.
गौरतलब है कि सरायकेला का छऊ महोत्सव क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान और गौरव का प्रतीक माना जाता है. ऐसे में इस तरह की स्थिति ने आयोजन की छवि पर असर डाला है. अब देखना यह होगा कि प्रशासन और जनप्रतिनिधि इस पूरे मामले पर क्या स्पष्टीकरण देते हैं और भविष्य में इस तरह की स्थिति से बचने के लिए क्या कदम उठाए जाते है.



