जामताड़ा/ Manish Baranwal एकल अभियान के तत्वावधान में बुधवार को जामताड़ा स्थित भगवान टॉवर में SOC वर्ग की समिति बैठक का आयोजन किया गया. बैठक का मुख्य उद्देश्य एकल अभियान की पंचमुखी शिक्षा में शामिल मूल्याधारित संस्कार शिक्षा के माध्यम से सुदूर, पर्वतीय, जनजातीय एवं वनांचल क्षेत्रों में बसे वन-बंधुओं के सांस्कृतिक, सामाजिक, आर्थिक और शैक्षिक उत्थान के लिए कार्य करना रहा.

बैठक में समाज में सकारात्मक बदलाव लाने, बौद्धिक और नैतिक विकास को बढ़ावा देने पर विस्तार से चर्चा की गई. विभिन्न क्षेत्रों से आए प्रबुद्धजन, सामाजिक कार्यकर्ता, शिक्षाविद और युवाओं की सक्रिय भागीदारी ने बैठक को नई ऊर्जा और स्पष्ट दिशा प्रदान की. वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में केवल जानकारी नहीं, बल्कि सही समझ, विवेक और संस्कार का विकास अत्यंत आवश्यक है.

बैठक के दौरान शिक्षा, सामाजिक कुरीतियों, युवाओं की भूमिका, डिजिटल माध्यमों के सकारात्मक उपयोग और सामुदायिक सहभागिता जैसे विषयों पर गंभीर विचार-विमर्श हुआ. वक्ताओं ने बताया कि एकल अभियान केवल विचारों तक सीमित नहीं है, बल्कि जमीनी स्तर पर कार्य करते हुए समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक जागरूकता पहुंचाने का संकल्प ले चुका है. विशेष रूप से युवाओं की भूमिका को अभियान की सबसे बड़ी ताकत बताया गया. युवाओं से अपील की गई कि वे सोशल मीडिया और आधुनिक तकनीक का उपयोग समाज में सकारात्मक संदेश फैलाने के लिए करें. साथ ही महिलाओं की सक्रिय भागीदारी को भी सामाजिक परिवर्तन के लिए आवश्यक बताया गया.
बैठक में आगामी कार्ययोजना पर भी चर्चा हुई, जिसमें गांव-गांव संवाद कार्यक्रम, विचार गोष्ठियां, शैक्षणिक कार्यशालाएं और जनजागरण अभियान चलाने का निर्णय लिया गया. बैठक इस विश्वास के साथ संपन्न हुई कि यदि समाज में सही सोच, विवेक और संवेदनशीलता विकसित हो जाए, तो अनेक समस्याओं का समाधान स्वतः संभव है.
इस अवसर पर अंचल सचिव संजय परसुरामका, नारी शक्ति आभा आर्य, मनोहर प्रसाद राय, प्रदीप केडिया, अनूप राय, भाग प्रमुख विनोद, अंचल पालक गजानंद, भाग प्रशिक्षक धनंजय, अंचल अभियान प्रमुख अमित कुमार, कार्यालय प्रमुख राजदेव, गतिविधि प्रमुख कपिल देव सहित कई संच प्रमुख और समिति सदस्य उपस्थित रहे.

