बगहा: चर्चित लोरीक यादव हत्याकांड में आखिरकार न्याय की जीत हुई है. अदालत ने इस सनसनीखेज मामले में दोषियों को कड़ी सजा सुनाते हुए आजीवन कारावास और आर्थिक दंड का फैसला सुनाया है. यह निर्णय वर्षों से न्याय की प्रतीक्षा कर रहे मृतक के परिजनों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है.

बगहा एडीजे-4 मानवेन्द्र मिश्र की अदालत ने बथवरिया थाना कांड संख्या 239/22 में चारों दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है. इसके साथ ही सभी दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है. अर्थदंड नहीं देने की स्थिति में छह- छह महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी. सजा के बाद सभी दोषियों को कड़ी सुरक्षा के बीच बगहा जेल भेज दिया गया.
मामला चौतरवा थाना क्षेत्र का है, जहां लोरीक यादव की गुमशुदगी के बाद जंगल से उनका नर कंकाल बरामद किया गया था. जांच में खुलासा हुआ कि हत्या की साजिश मृतक की पत्नी मधु देवी ने अपने प्रेमी और अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर रची थी. हत्या के बाद शव को ठिकाने लगाने का प्रयास भी किया गया था.
स्पीडी ट्रायल के दौरान अदालत ने मधु देवी, कृष्णा साह, छोटेलाल यादव और रंजीत राम को दोषी करार दिया. अपर लोक अभियोजक जितेन्द्र भारती ने बताया कि यह जघन्य मामला था, जिसमें मजबूत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर दोषियों को सख्त सजा दी गई है.
अदालत के फैसले के बाद मृतक के परिजनों ने संतोष जताया है और न्यायपालिका पर भरोसा व्यक्त किया है. इलाके में इस फैसले को न्याय की मिसाल के रूप में देखा जा रहा है.

