जमशेदपुर: उड़ीसा में सूफी संत सय्यद शाह अब्दुल शकूर रहमतुल्लाह अलैह उर्फ हज़रत फ़कीर बाबा का 43वां सालाना उर्स मुबारक इस वर्ष 3 और 4 दिसंबर को बड़े ही अकीदत और शांतिपूर्ण माहौल में मनाया जाएगा. उर्स को लेकर मस्जिद और मजार मैनेजिंग कमेटी की तैयारियां अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं.

कमेटी के सदस्यों ने बताया कि दो दिवसीय उर्स मुबारक में उड़ीसा के साथ- साथ झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल और अन्य राज्यों से हजारों की संख्या में जायरीन पहुंचेंगे. कार्यक्रम में चादरपोशी, कुल-की-फातेहा, मिलाद और लंगर शरीफ का विशेष आयोजन किया जाएगा.
मजार परिसर में साफ- सफाई, रोशनाई, सुरक्षा व्यवस्था और सजावट को लेकर व्यापक तैयारियां की जा रही हैं. पूरे क्षेत्र को रंग- बिरंगी लाइटों से सजाया जा रहा है. जायरीन की सुविधा के लिए पेयजल, मेडिकल सुविधा, बैठने की व्यवस्था, पार्किंग और लंगर वितरण के लिए अलग-अलग टीमें तैनात की गई हैं.
कमेटी ने बताया कि उर्स के दौरान भीड़ को देखते हुए स्वयंसेवकों की टीम चौबीसों घंटे तैनात रहेगी ताकि किसी भी जायरीन को असुविधा न हो. मस्जिद और मजार मैनेजमेंट कमेटी ने क्षेत्र के सभी लोगों से उर्स मुबारक में शामिल होकर अमन, भाईचारा, मोहब्बत और आपसी सौहार्द का संदेश फैलाने की अपील की है.

