खरसावां: राजकीय पॉलिटेक्निक खरसावां के छात्र- छात्राओं के शिकायत पर डीसी के निर्देश पर सीओ ने अपनी जांच रिपोर्ट डीसी को सौंप दिया है. डीसी ने पांच बिन्दुओ पर रिपोर्ट मांगी थी.

क्या थी छात्रों की शिकायत
छात्रों द्वारा किए गए शिकायत में सभी छात्र- छात्राओं को छात्रावास खराब होने के नाम पर छात्रावास निकाले जाने. सभी का आंतरिक परीक्षा में प्रयोग होने वाला पेज संस्था से ना देखें सभी से हर विषय के लिए कॉफी खरीदवाने, सेमेस्टर एग्जाम का परिणाम संस्थान में आने के बाद भी नहीं बताने और ना ही परिणाम को विद्यार्थियों के बीच दिखाने, कंप्यूटर इंजीनियरिंग के लिए संस्थान में शिक्षक- शिक्षिका नहीं होने, प्राचार्य से शिक्षक के बारे में बात करने से महंगे ऑनलाइन कोर्स खरीदने के लिए यह कहना कि ऑनलाइन कोर्स लेकर संस्थान में आकर पढें, किसी भी परेशानी को लेकर छात्र- छात्राएं उनसे बात करने जाते हैं तो वह क्रूरता पूर्वक पेश आते हैं.
क्या है सीओ के रिपोर्ट में
सीओ कप्तान सिंकू ने जांच में पाया कि छात्रावास पूर्ण रूप से जर्जर अवस्था में है. यह रहने लायक नहीं है. इसके मरमती हेतु विभाग को पत्र भेजा गया है. महिला छात्रावास पूर्ण हो चुका है परंतु इसका हैंडोवर नहीं दिया गया है. वर्तमान में कुल 32 छात्राएं चतुर्थ वर्गीय आवास में रहकर अध्ययन कर रही है. आंतरिक परीक्षा के तहत बच्चों को दो टेस्ट और दो असाइनमेंट जमा करना पड़ता है. इसलिए, छात्र-छात्राओं को अपनी ही कॉपी पर टेस्ट और असाइनमेंट देना पड़ता है. संस्थान इसके लिए कोई पेज या कॉपी नहीं देता है. सेमेस्टर एग्जाम का परिणाम सॉफ्ट कॉपी में त्रुटि को लेकर संशोधन हेतु कार्यालय को उपलब्ध कराया गया है जिस कारण विद्यार्थियों को परिणाम नहीं दिखाया गया है. संस्थान में प्राचार्य एवं प्रधान लिपिक ही सरकारी कर्मचारी हैं. तीन शिक्षक अनुबंध पर एवं आठ शिक्षक कक्षा आधारित पद पर पद स्थापित है. वर्तमान में कंप्यूटर इंजीनियरिंग के शिक्षक पद रिक्त होने के कारण ऑनलाइन कोर्स करने की सलाह दी गई थी. दूसरे एवं चौथे सेमेस्टर के सभी छात्र-छात्राएं गम्हरिया स्थित इंडो टेनिस टूर में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं तथा छठे सेमेस्टर की परीक्षा हो चुकी है. 7 जुलाई 2025 सोमवार को कक्षाएं नहीं चल रही थी जिस कारण छात्र- छात्राओं से बात नहीं हो पाई है.

