आदित्यपुर/ Parmeshwar Gorai झारखंड उच्च न्यायालय ने आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति और सीवरेज निर्माण कार्य की प्रगति की सत्यता जांचने का जिम्मा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) सरायकेला के सचिव को सौंपा है, जो न्यायिक पदाधिकारी हैं. यह निर्देश 11 अगस्त 2025 को मुख्य न्यायाधीश तरलोक सिंह चौहान और न्यायाधीश राजेश शंकर की पीठ ने जनहित याचिका WP (PIL) 3629/2023 पर सुनवाई के दौरान दिया.

याचिका जन कल्याण मोर्चा के अध्यक्ष एवं अधिवक्ता ओम प्रकाश द्वारा दायर की गई थी. सुनवाई के दौरान GAIL ने शपथ पत्र में बताया कि 270 किलोमीटर गैस पाइपलाइन का कार्य पूरा हो चुका है. आदित्यपुर नगर निगम ने बताया कि जुडको की रिपोर्ट के अनुसार 102.849 किलोमीटर सीवरेज पाइप बिछाया गया और 100.96 किलोमीटर सड़क का रेस्टोरेशन किया गया है, जो 98.16% है. जलापूर्ति योजना के तहत 415.7 किलोमीटर में से 414.2 किलोमीटर का रेस्टोरेशन पूरा है और 1.5 किलोमीटर में कार्य जारी है. JUISO को केबल बिछाने के लिए 29 जुलाई 2025 को शर्तों सहित अनुमति दी गई है. हालांकि, आदित्यपुर नगर निगम ने बाद में शपथ पत्र में कहा कि रेस्टोरेशन कार्य 98.16% पूरा नहीं हुआ है. हाईकोर्ट ने DLSA सचिव को सभी बिंदुओं की निरीक्षण रिपोर्ट चार सप्ताह में प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है.

