गोड्डा: झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चम्पाई सोरेन सोमवार को गोड्डा जिले के ललमटिया स्थित सूर्या हांसदा के गांव पहुंचे और उनके श्राद्धकर्म में हिस्सा लिया. इस दौरान विद्यालय के छात्रों ने एनकाउंटर की सीबीआई जांच की मांग करते हुए नारे लगाए. भावुक पूर्व सीएम ने बच्चों को न्याय का भरोसा दिलाया और पीड़ित परिवार से मिलकर संवेदना व्यक्त की.

परिवार से मिलने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि सूर्या हांसदा समाज सुधारक और शिक्षा के माध्यम से बदलाव लाने वाले थे. वे खनन माफिया और अवैध गतिविधियों के खिलाफ आवाज उठाते थे. ऐसे व्यक्ति को पुलिस ने फर्जी एनकाउंटर में मार दिया. उन्होंने झारखंड पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए और कहा कि दर्ज एफआईआर के आधार पर किसी को अपराधी करार देना गलत है.

उन्होंने कहा कि सूर्या पर जिन मामलों का जिक्र किया जा रहा है, उनमें से कई में वे बरी हो चुके थे और बाकी मामलों में कोर्ट की कार्रवाई चल रही थी. बावजूद इसके पुलिस ने उन्हें साजिशन हिरासत में लेकर एनकाउंटर का रूप दिया. यह मामला खनन माफिया और सत्ता से जुड़े लोगों की साजिश प्रतीत होता है.
पूर्व सीएम ने कहा कि जब पुलिस पर ही फर्जी एनकाउंटर का आरोप हो, तो सीआईडी से न्याय की उम्मीद नहीं की जा सकती. इसलिए इस मामले की सीबीआई जांच होनी चाहिए. तभी परिवार को न्याय मिलेगा. उन्होंने कहा कि झारखंड में ऐसे कई उदाहरण हैं जहां आंदोलनकारियों और समाज के लिए आवाज उठाने वालों को झूठे मामलों में फंसाया गया है.

चम्पाई सोरेन ने सवाल उठाया कि एक तरफ निर्दोषों को फर्जी मामलों में फंसाकर मारा जा रहा है. वहीं दूसरी ओर अपराध करने वालों को पुरस्कार और नौकरी दी जा रही है. यह आदिवासियों और मूलवासियों के साथ अन्याय है. उन्होंने स्पष्ट किया कि वे सूर्या हांसदा के परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़े हैं और न्याय दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे. श्राद्ध भोज में शामिल होकर उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की.

