आदित्यपुर: सरायकेला- खरसावां जिला के आदित्यपुर नगर निगम का किचकिच फिर से खुलकर सामने आया. बता दें कि गुरुवार को नगर निगम के मेयर की मौजूदगी में वार्ड 16 में शेरे पंजाब से लेकर हरिओम नगर तक 51.63 लाख की लागत से सड़क निर्माण की आधारशिला रखी गई. आधारशिला रखने के 24 घंटे भी नहीं बीते, कि उक्त सड़क को लेकर विवाद शुरू हो गया है.

दरअसल यह सड़क 2 वार्ड को जोड़ता है. इसमें वार्ड 16 और 17 दोनों आते हैं. विवाद का कारण सिलापट्ट को बताया जा रहा है. सिलापट्ट में वार्ड 17 की पार्षद नीतू शर्मा का नाम नहीं होने से नीतू शर्मा गुस्से में है. उन्होंने संवेदक को फोन कर खूब खरी-खोटी सुनाई. संवेदक ने मामले से पल्ला झाड़ते हुए इसके लिए पार्षद राजरानी महत्व को जिम्मेदार ठहराया. बता दें कि उक्त काम का ठेका एनएस कंस्ट्रक्शंस को मिला है. एनएच कंस्ट्रक्टर्स के प्रोपराइटर चिंटू सिंह ने बताया, कि पिछले 3 महीने से सिलापट्ट को लेकर पार्षद राजरानी महतो से रायशुमारी चल रही थी, मगर उन्होंने अपने वार्ड का ही जिक्र कर सिलापट्ट बनाने की बात कही, जबकि सड़क दोनों वार्ड के लिए बनना है.
पार्षद नीतू शर्मा ने बताया, कि सड़क का अंतिम हिस्सा उनके वार्ड में भी पड़ता है, इसलिए सिलापट्ट में उनका नाम न देकर उन्हें नगर निगम द्वारा अपमानित किया गया है. मैं इसकी शिकायत अपर नगर आयुक्त और मेयर से करूंगी. इधर सड़क को लेकर स्थानीय रैयतदार भी दो खेमे में बंट गए हैं. संभावना है कि जल्द ही रैयतदार भी इस सड़क को लेकर विरोध प्रदर्शन करेंगे. बता दें, कि यह सड़क रैयती जमीन से होकर गुजरेगा. इसके लिए नगर निगम या पार्षद द्वारा एनओसी नहीं लिया गया, ना ही ग्राम सभा कराई गई.
इसका मतलब साफ है, कि योजना खटाई में पड़ सकता है. वैसे आदित्यपुर नगर निगम के दो पार्षदों की लड़ाई में क्षेत्र की जनता को नुकसान उठाना पड़ सकता है.
