जामताड़ा: जिले में विद्यालय प्रबंधन समितियों (एसएमसी) के नए दिशा-निर्देशों के अनुरूप गठन एवं पुनर्गठन की प्रक्रिया को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से 6 एवं 7 नवंबर को आयोजित दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शनिवार को संपन्न हो गया. संयुक्त भवन स्थित एसजीएसवाई हॉल में आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिले के सभी संकुल साधनसेवी, प्रखंड साधनसेवी तथा पीएम श्री विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों ने हिस्सा लिया.


राज्य परियोजना निदेशक के निर्देश एवं जिला शिक्षा परियोजना, जामताड़ा के मार्गदर्शन में आयोजित प्रशिक्षण में विद्यालय प्रबंधन समिति की नई संरचना, गठन एवं पुनर्गठन की प्रक्रिया, भूमिकाओं और दायित्वों की विस्तार से जानकारी दी गई. प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य विद्यालयों के संचालन, शैक्षणिक गुणवत्ता और समग्र विकास में अभिभावकों तथा स्थानीय समुदाय की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना था.
प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि विद्यालय प्रबंधन समिति केवल एक औपचारिक संस्था नहीं, बल्कि विद्यालय के विकास और बच्चों के बेहतर शैक्षणिक भविष्य की महत्वपूर्ण कड़ी है। समिति की सक्रियता से बच्चों का नामांकन बढ़ाने, नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने और विद्यालय में उनका ठहराव बनाए रखने में मदद मिलती है. साथ ही विद्यालय के शैक्षणिक वातावरण एवं शिक्षण व्यवस्था में सुधार लाने में भी इसकी अहम भूमिका है.
इस दौरान राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020, विद्यालय स्वास्थ्य एवं कल्याण कार्यक्रम तथा लैंगिक समानता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई. प्रतिभागियों को इन विषयों को विद्यालय स्तर पर व्यवहार में उतारने के लिए आवश्यक जानकारी दी गई.
समापन सत्र में सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी विभाष महतो ने प्रतिभागियों को प्रशिक्षण में दी गई जानकारी और निर्धारित दिशा-निर्देशों को अपने-अपने विद्यालयों में प्रभावी ढंग से लागू करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि विद्यालय प्रबंधन समितियों को सक्रिय, सशक्त और जवाबदेह बनाना जरूरी है, ताकि विद्यालयों के शैक्षणिक वातावरण में सकारात्मक बदलाव लाया जा सके.
प्रशिक्षण कार्यक्रम के सफल संचालन में सेंटर फॉर कैटालाइजिंग चेंज की ओर से जिला कार्यक्रम पदाधिकारी उमेश कुमार मंडल द्वारा जिला शिक्षा परियोजना कार्यालय को तकनीकी सहयोग उपलब्ध कराया जा रहा है. इसका उद्देश्य नई व्यवस्था का प्रभावी क्रियान्वयन और विद्यालय प्रबंधन समितियों को संस्थागत रूप से मजबूत बनाना है.
मौके पर जिला शिक्षा परियोजना के मास्टर प्रशिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया. कार्यक्रम में सहायक संकुल साधनसेवी फैज अकरम, नसीतुर रब सहित जिले के सभी संकुल साधनसेवी, प्रखंड साधनसेवी एवं पीएम श्री विद्यालयों के प्रधानाध्यापक उपस्थित थे.
रिपोर्ट: मनीष बरनवाल

