जामताड़ा: जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से मंगलवार को ‘वोट चोर, चंदा चोर, गद्दी छोड़’ कार्यक्रम के तहत शहर में विशाल जन आक्रोश पैदल मार्च निकाला गया. स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी के नेतृत्व में आयोजित इस मार्च में आयोजकों के अनुसार हजारों लोग शामिल हुए. प्रदर्शनकारियों ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए दोनों के इस्तीफे की मांग की.मार्च के दौरान शहर का माहौल राजनीतिक नारों से गूंजता रहा और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार तथा चुनाव आयोग पर निशाना साधा. मार्च की शुरुआत कोर्ट रोड स्थित मंत्री आवास से हुई. वहां से जुलूस इंदिरा चौक, बीच बाजार और सुभाष चौक होते हुए महिला कॉलेज के समीप पहुंचा.ढोल-नगाड़ों और बैंड-बाजे के साथ निकले मार्च में कांग्रेस के पदाधिकारी, कार्यकर्ता और समर्थक शामिल हुए. हाथों में पार्टी के झंडे और नारों के साथ प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों को उठाया. बड़ी संख्या में लोगों के जुटने से शहर के कई हिस्सों में यातायात भी प्रभावित हुआ.


एसआईआर के बहाने मताधिकार छीनने का आरोप
महिला कॉलेज के समीप आयोजित सभा को संबोधित करते हुए स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया पर सवाल उठाए. उन्होंने आरोप लगाया कि एसआईआर के माध्यम से पात्र मतदाताओं को उनके लोकतांत्रिक अधिकार से वंचित करने की कोशिश की जा रही है. उन्होंने कहा कि मतदान का अधिकार जनता का संवैधानिक अधिकार है और किसी भी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से नहीं कटना चाहिए. मंत्री ने भाजपा पर चुनावी प्रक्रिया का राजनीतिक लाभ के लिए इस्तेमाल करने का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस मताधिकार की रक्षा के लिए अपना संघर्ष जारी रखेगी. उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग दोहराते हुए कहा कि चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता के मत की अहमियत सर्वोपरि है और मतदाता सूची से जुड़े किसी भी निर्णय में पात्र नागरिकों के अधिकारों की रक्षा जरूरी है.
सरकार पर विपक्ष की आवाज दबाने का आरोप
डॉ. इरफान अंसारी ने केंद्र सरकार पर विपक्ष की आवाज दबाने और आंदोलनकारियों के साथ दुर्व्यवहार करने का आरोप लगाया.उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध करना जनता का अधिकार है.सरकार को जनता की आवाज सुननी चाहिए, न कि उसे दबाने का प्रयास करना चाहिए. उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से लोकतांत्रिक तरीके से अपने अधिकारों और मताधिकार की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का आह्वान किया.
मंत्री ने बताया कि वह दिल्ली में राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के नेतृत्व में आयोजित मार्च में शामिल होने के बाद जामताड़ा पहुंचे हैं. उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए जिला कांग्रेस कमेटी, पार्टी कार्यकर्ताओं और आम लोगों के प्रति आभार जताया.
कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं की रही भागीदारी
जन आक्रोश मार्च में जिला कांग्रेस अध्यक्ष दीपिका बेसरा, जिला प्रवक्ता इरसाद उल हक आरसी, सुभाष सिंह, बीरबल अंसारी, भागीरथ पंडित, विनोद क्षत्रिय सहित पार्टी के कई नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए. कांग्रेस नेताओं ने मतदाता सूची की निष्पक्षता सुनिश्चित करने और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा की मांग उठाई.
इस मार्च के जरिए जिला कांग्रेस कमेटी ने एसआईआर के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया. सभा के दौरान वक्ताओं ने मताधिकार की सुरक्षा को लोकतंत्र की मजबूती से जोड़ते हुए आंदोलन जारी रखने की बात कही.
रिपोर्ट: मनीष बर्णवाल

