आदित्यपुर: एस टाइप के समीप बीते गुरुवार की रात आशियाना निवासी अनिकेत सिंह के साथ हुई मारपीट और कथित रूप से हथियार दिखाकर जान से मारने की धमकी देने के मामले में नामजद आरोपी अब तक पुलिस की पकड़ से बाहर हैं. दीपू मिश्रा, दीपक मिश्रा, धीरज सिंह राजपूत, सन्नी सहित अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस छापेमारी का दावा कर रही है, लेकिन अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं होने से कार्रवाई की रफ्तार पर सवाल उठने लगे हैं.


थाना प्रभारी अंजनी सिंह के अनुसार सभी आरोपी फरार हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है. उन्होंने जल्द गिरफ्तारी का दावा किया है. सवाल यह है कि नामजद आरोपियों तक पुलिस आखिर कब पहुंचेगी ?
अनिकेत सिंह का आरोप है कि उसे घर से बुलाकर बेरहमी से पीटा गया. घटना में उसका बायां हाथ टूट गया और शरीर के अन्य हिस्सों में भी गंभीर चोटें आईं. शिकायत के आधार पर पुलिस ने हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट सहित संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है.
मामले का सबसे गंभीर आरोप हथियार से धमकाने का है. अनिकेत के मुताबिक मारपीट के बाद दीपू मिश्रा ने उसके मुंह में पिस्तौल डालकर जान से मारने की धमकी दी. हालांकि इस आरोप की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है. पुलिस भी फिलहाल हथियार के इस्तेमाल की पुष्टि करने से बच रही है. पुलिस का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी और जांच के बाद ही इस संबंध में स्थिति स्पष्ट होगी.
इधर घटना के बाद अनिकेत और उसका परिवार दहशत में है. ऐसे में बड़ा सवाल यही है कि गंभीर धाराओं में मामला दर्ज होने के बावजूद नामजद आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर कैसे हैं ?
दीपू मिश्रा और दीपक मिश्रा के खिलाफ पूर्व में भी आपराधिक मामले दर्ज हैं और जेल जा चुके है. वहीं अनिकेत सिंह के भी पूर्व में दीपू मिश्रा के संपर्क में रहा है और जेल जा चुका है. ऐसे में इस वारदात के पीछे की पूरी कहानी भी पुलिस जांच का अहम हिस्सा है.
फिलहाल पुलिस के सामने चुनौती केवल आरोपियों को गिरफ्तार करने की नहीं, बल्कि यह स्पष्ट करने की भी है कि आखिर घटना की वास्तविक वजह क्या थी और हथियार से धमकाने के आरोप में कितनी सच्चाई है. पुलिस जल्द गिरफ्तारी का दावा कर रही है. अब देखना होगा कि यह दावा कब जमीन पर उतरता है.

