सरायकेला/ Pramod Singh सिविल कोर्ट सरायकेला में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया. इस अवसर पर बड़ी संख्या में वादकारियों और आम लोगों की उपस्थिति रही. लोक अदालत के माध्यम से हजारों मामलों का त्वरित और सौहार्दपूर्ण समाधान किया गया.


कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में अनिल कुमार चौधरी, न्यायमूर्ति झारखंड उच्च न्यायालय रांची की गरिमामयी उपस्थिति रही. लोक अदालत के सुचारू संचालन के लिए कुल छह बेंचों का गठन किया गया था.
इस अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सरायकेला रमाशंकर सिंह, उपायुक्त नितिश कुमार सिंह, पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुणायत, उप विकास आयुक्त रीना हांसदा सहित न्यायिक पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे.
सरायकेला और चांडिल अनुमंडल न्यायालयों की बेंचों द्वारा कुल 7,626 मामलों को लोक अदालत में लिया गया, जिनका निपटारा आपसी समझौते और त्वरित प्रक्रिया के माध्यम से किया गया. इस दौरान करीब 2 करोड़ 35 लाख रुपये की राजस्व राशि की वसूली भी की गई.
लोक अदालत में राजस्व से जुड़े मामले, दीवानी मामले, समझौता योग्य आपराधिक मामले, विद्युत मामलों, परक्राम्य लिखत अधिनियम से जुड़े मामलों तथा पुलिस अधिनियम और मोटर वाहन अधिनियम से जुड़े छोटे मामलों का निपटारा किया गया.
लोक अदालत के माध्यम से लोगों को कम समय में सुलह- समझौते के आधार पर न्याय मिला. कार्यक्रम के दौरान विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत लाभुकों को मुख्य अतिथि द्वारा लाभ भी प्रदान किया गया. साथ ही पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए वृक्षारोपण भी किया गया.
इसके बाद न्यायमूर्ति अनिल कुमार चौधरी ने सरायकेला स्थित वृद्धाश्रम का भी दौरा किया. वहां रह रहे बुजुर्गों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना और उन्हें कपड़े तथा मिठाइयां वितरित कीं. इस दौरान उनकी धर्मपत्नी ने भी बुजुर्गों से आत्मीय संवाद किया.
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव तौसीफ मेराज ने बताया कि इस बार आयोजित लोक अदालत में मामलों के निपटारे की संख्या पिछले आयोजन की तुलना में अधिक रही, जो इस पहल की सफलता को दर्शाता है.

