चाईबासा/ Jayant Pramanik पश्चिमी सिंहभूम जिले के सारंडा क्षेत्र में मलेरिया का गंभीर प्रकोप फैल गया है. सुदूर सारंडा जंगल के चुरगी गांव में मलेरिया से दो महिलाओं की मौत हो गई, जबकि तीन बच्चे मलेरिया पीड़ित अवस्था में कल अस्पताल पहुंचे थे. इसके बाद मनोहरपुर अस्पताल की मेडिकल टीम सोमवार को चुरगी गांव पहुंची.

मेडिकल टीम ने गांव में कैंप लगाकर ग्रामीणों की जांच की, जिसमें दर्जनों लोगों में मलेरिया के लक्षण पाए गए हैं. इनमें बड़ी संख्या में बच्चे भी शामिल हैं. मेडिकल टीम द्वारा पूरे गांव के ग्रामीणों के साथ-साथ स्कूली बच्चों की भी ब्लड जांच की गई और आवश्यक दवाइयां दी गईं.

इधर, जिले के नोवामुंडी क्षेत्र में भी मलेरिया का प्रकोप देखने को मिल रहा है. नोवामुंडी प्रखंड के बड़ा बालजोड़ी गांव में मेडिकल टीम द्वारा पहले ही कैंप लगाकर जांच की जा चुकी है, जहां दर्जनों ग्रामीण मलेरिया पीड़ित पाए गए थे. इसी गांव के चार महीने के एक बच्चे की कुछ दिन पहले सदर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी. अब उस बच्चे के पिता भी मलेरिया से पीड़ित पाए गए हैं.
सिविल सर्जन डॉ. भारती मिंज ने बताया कि जिले के जिन क्षेत्रों में मलेरिया का प्रकोप है, वहां लगातार मेडिकल टीम भेजकर जांच और इलाज कराया जा रहा है. स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्थिति पर नजर रखी जा रही है और प्रभावित क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ा दी गई है.

