आदित्यपुर/ Parmeshwar Gorai नगर निगम की विभिन्न जन समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर आदित्यपुर- गम्हरिया विकास समिति का एक प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को उपायुक्त नीतीश कुमार सिंह से मिला. प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व आदित्यपुर नगर परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष पुरेंद्र नारायण सिंह ने की.

प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा
पुरेंद्र नारायण सिंह ने बताया कि आदित्यपुर नगर निगम अंतर्गत केंद्र प्रायोजित अमृत योजना के तहत बुनियादी सुविधाओं का काम अब तक पूरा नहीं हो सका है. उन्होंने कहा कि आदित्यपुर बृहत जलापूर्ति योजना, सीवरेज योजना और गैस पाइपलाइन योजना का काम कई बार अवधि विस्तार के बावजूद लंबित है. टाटा- कांड्रा मुख्य मार्ग की स्थिति पर उन्होंने उपायुक्त को बताया कि सड़क की लगभग 70% स्ट्रीट लाइट बंद पड़ी हैं. इससे रात्रि के समय राहगीरों को कठिनाई होती है और आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं.
सर्विस रोड में अतिक्रमण और एजेंसियों द्वारा रोड काटने के बाद रीस्टोरेशन वर्क नहीं होने से भी लोग परेशान हैं. साथ ही उन्होंने कहा कि टाटा- कांड्रा मुख्य मार्ग के दोनों किनारे बने नालों की वर्षों से सफाई नहीं हुई है. बरसात के दिनों में नाले ओवरफ्लो होने से सर्विस रोड जलमग्न हो जाता है. पुरेंद्र नारायण सिंह ने उपायुक्त से अनुरोध किया कि जिंदल, शापुरजी पालमजी, गेल इंडिया और जेआरडीसीएल के अधिकारियों के साथ बैठक कर कड़े निर्देश दिए जाएं. उन्होंने तटीय इलाकों को खरकई नदी की बाढ़ से बचाने के लिए एंबैंकमेंट और नालों पर स्लूस गेट लगाने की मांग भी रखी. उन्होंने कहा कि 2008 की बाढ़ के बाद इस विषय में कई बार ज्ञापन दिया गया, डीपीआर भी बना, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई. उन्होंने आदित्यपुर के सभी 35 वार्डों में गंभीर पेयजल संकट को देखते हुए दो- दो डीप बोरिंग कराने का भी अनुरोध किया. उपायुक्त श्री नीतीश कुमार सिंह ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को सुनकर त्वरित समाधान का आश्वासन दिया. प्रतिनिधिमंडल में पुरेंद्र नारायण सिंह के अलावा एसडी. प्रसाद, कुमार विपिन बिहारी प्रसाद, अवधेश कुमार, प्रभास कुमार झा और विमल दास शामिल थे.

