सरायकेला/ Pramod Singh झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, रांची के निर्देश पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सरायकेला- खरसावां रामाशंकर सिंह के मार्गदर्शन में रविवार को जिला कारागार, सरायकेला में जेल अदालत सह चिकित्सा जांच शिविर एवं विधिक जागरूकता शिविर का संयुक्त आयोजन किया गया. कार्यक्रम पूर्व निर्धारित कार्ययोजना के तहत संपन्न हुआ.

पूरे आयोजन की देखरेख मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सह सचिव प्रभारी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण लूसी सोसेन तिग्गा द्वारा की गई. इस अवसर पर जिला कारागार अधीक्षक सत्येंद्र कुमार महतो, सहायक लोक अभियोजक देव प्रताप तिवारी, सहायक एलएडीसी अंबिका चरण पाणि, विजय कुमार महतो तथा जेलर सोनू कुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे.
कार्यक्रम के दौरान जेल अदालत की कार्यवाही संपन्न हुई. कारागार के बंदियों द्वारा प्रस्तुत दो आवेदन पत्रों पर विचार किया गया और उन्हें उनकी कानूनी समस्याओं के समाधान हेतु आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया. मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ने बंदियों को संबोधित करते हुए कहा कि वे किसी भी प्रकार की विधिक समस्या या शंका होने पर निःसंकोच अपनी बात रख सकते हैं. उन्होंने निःशुल्क विधिक सहायता सेवाओं की जानकारी देते हुए बंदियों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया.
शिविर के अंतर्गत चिकित्सा जांच कैंप भी आयोजित किया गया, जिसमें बंदियों के स्वास्थ्य की जांच कर आवश्यक चिकित्सीय परामर्श दिया गया. शिविर का उद्देश्य बंदियों को त्वरित न्यायिक सहायता उपलब्ध कराना, उनके स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना और विधिक अधिकारों के प्रति जागरूक बनाना रहा.
कार्यक्रम के क्रम में मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ने महिला वार्ड का भी निरीक्षण किया. महिला बंदियों से उनकी समस्याएं सुनी गईं तथा उन्हें उपलब्ध निःशुल्क विधिक सहायता और सुविधाओं की जानकारी दी गई. यह संयुक्त शिविर बंदियों में विधिक जागरूकता बढ़ाने, उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान और न्याय तक उनकी पहुंच सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ. कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सफलतापूर्वक संपन्न हुआ.

