सरायकेला: जिले में अवैध खनन और बालू- पत्थर के अवैध परिवहन पर नियंत्रण को लेकर शुक्रवार को उपायुक्त नितिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में जिला स्तरीय माइनिंग टास्क फोर्स की बैठक सम्पन्न हुई. बैठक में पुलिस अधीक्षक मुकेश लूणायत, अपर उपायुक्त जयवर्धन कुमार, जिला खनन पदाधिकारी ज्योति शंकर सतपथी सहित अनुमंडल पदाधिकारी, अंचलाधिकारी और थाना प्रभारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शामिल हुए.

बैठक में जिला खनन पदाधिकारी ने जानकारी दी कि 1 सितम्बर से 18 सितम्बर तक की अवधि में 8 वाहन, 2 ट्रैक्टर और 3 जेसीबी जब्त किए गए हैं. लगभग 12,000 घनफुट बालू और 1,800 घनफुट पत्थर जप्त किया गया है. 1 वाहन की नीलामी से 0.90 लाख रुपये वसूले गए और 4 प्राथमिकी दर्ज की गई हैं.
उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) और सस्टेनेबल सैंड माइनिंग गाइडलाइन, 2016 के अनुसार वर्षा ऋतु (10 जून से 15 अक्टूबर) के दौरान बालू उत्खनन पर पूरी तरह रोक है और इसका सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा. उन्होंने निर्देश दिया कि अवैध खनन एवं परिवहन में संलिप्त वाहनों को जब्त किया जाए, दोषियों पर कठोर कार्रवाई की जाए और संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जाए.
बैठक में उपायुक्त ने अस्थायी चेकनाका स्थापित करने, CCTV और ड्रोन से निगरानी, पंचायत स्तर तक टोल फ्री नंबर 18003456490 का प्रचार- प्रसार और सूचना देने वालों की पहचान गोपनीय रखने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि पुलिस और खनन विभाग नियमित जाँच अभियान चलाकर अवैध खनन में संलिप्त लोगों पर नियमसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित करें.
पुलिस अधीक्षक मुकेश लूणायत ने कहा कि अवैध बालू और पत्थर उठाव की सूचना मिलने पर अनुमंडल पदाधिकारी और अंचलाधिकारी पुलिस बल के साथ गोपनीय छापेमारी कर संलिप्त वाहनों और व्यक्तियों को जब्त करें और नियमसम्मत कार्रवाई करें.
अंत में उपायुक्त ने कहा कि अवैध खनन पर रोक जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी पदाधिकारी संवेदनशीलता एवं जिम्मेदारी के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें.

