सरायकेला: जिले में संविधान लागू होने के 75वें वर्ष यानी प्लैटिनम जुबिली वर्ष पर बुधवार को संविधान दिवस गरिमामय माहौल में मनाया गया. इस अवसर पर जिला प्रशासन की ओर से समाहरणालय सभागार में औपचारिक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें विभिन्न विभागों के वरीय पदाधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए.

कार्यक्रम की शुरुआत उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने भारतीय संविधान की प्रस्तावना के वाचन से की. उनके नेतृत्व में उपस्थित सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने सामूहिक रूप से प्रस्तावना का पाठ किया और संविधान में निहित मूल्यों के प्रति आस्था व्यक्त की. अपने संबोधन में उपायुक्त ने कहा कि भारतीय संविधान सिर्फ एक विधिक दस्तावेज नहीं बल्कि देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था और प्रशासनिक मर्यादाओं की आधारशिला है.
उन्होंने न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुता जैसे संवैधानिक आदर्शों को शासन प्रणाली की हर प्रक्रिया में शामिल किए जाने पर जोर दिया. साथ ही सभी विभागों को निर्देशित किया कि नागरिकों को समयबद्ध, पारदर्शी और जवाबदेह सेवाएं सुनिश्चित की जाएं. उन्होंने कहा कि संविधान दिवस को केवल एक परंपरागत आयोजन की तरह न मनाकर इसे उत्कृष्ट प्रशासन और कर्तव्यनिष्ठा के नव-संकल्प दिवस के रूप में आत्मसात किया जाना चाहिए.
कार्यक्रम में अपर उपायुक्त जयवर्धन कुमार, जिला उप निर्वाचन पदाधिकारी सुरेन्द्र उरांव, जिला परिवहन पदाधिकारी गिरजा शंकर महतो, जिला आपूर्ति पदाधिकारी पुष्कर सिंह मुंडा सहित कई पदाधिकारी उपस्थित रहे. कार्यक्रम का समापन संविधान में निहित आदर्शों के अनुरूप कर्तव्य- पालन का सामूहिक संकल्प लेकर किया गया.
उपायुक्त के निर्देश पर संविधान दिवस को लेकर जिले के सभी अनुमंडलों एवं जिला स्तरीय कार्यालयों में भी प्रस्तावना वाचन, शपथ ग्रहण और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने संविधान के प्रति निष्ठा दोहराई.

