जमशेदपुर: आरटीआई कार्यकर्ता संघ के केंद्रीय महासचिव और आजसू पार्टी के जिला सचिव कृतिवास मंडल ने कहा है कि राज्य सरकार द्वारा पुलिस प्रशासन को आधुनिक संसाधन और नई गाड़ियां उपलब्ध कराना सराहनीय पहल है, लेकिन इसके साथ-साथ पुलिस की कार्यशैली में भी सुधार होना बेहद जरूरी है.

उन्होंने कहा कि पुलिस का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है, इसलिए पुलिस प्रशासन को अपनी नैतिक जिम्मेदारियों का भी ईमानदारी से निर्वहन करना चाहिए. नई गाड़ियों की रफ्तार के साथ-साथ पुलिस के व्यवहार और कामकाज में पारदर्शिता तथा जवाबदेही भी जरूरी है.
कृतिवास मंडल ने कहा कि यह कड़वा जरूर है, लेकिन सच्चाई यह है कि थाना स्तर से लेकर उच्च स्तर तक भ्रष्टाचार की शिकायतें लगातार सामने आती रहती हैं. इसके कारण आम नागरिकों को प्राथमिकी दर्ज कराने, चरित्र प्रमाण-पत्र बनवाने और पासपोर्ट सत्यापन जैसे कार्यों में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है.
उन्होंने आरोप लगाया कि ट्रैफिक पुलिस को राजस्व कर्मचारियों की तरह राजस्व वसूली में लगा दिया गया है, जबकि अपराध नियंत्रण के मामले में पुलिस व्यवस्था कमजोर पड़ती दिखाई दे रही है. इसके कारण राज्य और शहरों में अपराध की घटनाओं में वृद्धि हो रही है.
उन्होंने झारखंड में विधि- व्यवस्था की स्थिति पर चिंता जताते हुए राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से अपील की कि कानून- व्यवस्था को मजबूत करने के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाए जाएं, ताकि आम नागरिकों को न्याय और सुरक्षा का भरोसा मिल सके.

