इंटक के आवाहन पर देश भर में श्रमिक संगठनों ने श्रम कानून एवं कृषि कानून का विरोध जताते हुए प्रदर्शन किया. इन्होंने इन कानूनों में संशोधन को वापस लिए जाने की मांग की. जमशेदपुर में भी श्रमिक यूनियनों द्वारा बिष्टुपुर गोलचक्कर के समीप प्रदर्शन किया गया. इस दौरान इंटक के वरिष्ठ नेता रघुनाथ पांडेय ने कहा, कि कृषि कानून एवं श्रम कानूनों में केंद्र सरकार ने जो संशोधन किए है वो किसानों और मजदूरों के हक़ में नही है. इन कानूनों से दोनों ही वर्ग गर्त में चले जायेंगे. केंद्र सरकार मनमाना रवैया अपनाते हुए इनमें बदलाव कर केवल पूंजीपतियों को लाभ पहुँचाने में जुटी हुई है. जिसका विरोध देश भर के श्रमिक संगठन कर रहे हैं.

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