जमशेदपुर: झारखंड राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ का आठवां राज्य सम्मेलन 11 एवं 12 जनवरी को भगवान बिरसा मुंडा टाउन हॉल, सिदगोड़ा में आयोजित किया जा रहा है. इस दो दिवसीय राज्य सम्मेलन में झारखंड के सभी जिलों और सभी संवर्गों के 500 से अधिक कर्मचारी भाग लेंगे.

सम्मेलन के खुले सत्र का उद्घाटन अखिल भारतीय राज्य सरकारी कर्मचारी महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष कॉमरेड सुभाष लाम्बा करेंगे, जबकि प्रतिनिधि सत्र का उद्घाटन राष्ट्रीय महासचिव कॉमरेड ए. श्रीकुमार द्वारा किया जाएगा. मुख्य अतिथि के रूप में पूर्वी सिंहभूम के उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी, भा.प्र.से. उपस्थित रहेंगे. वहीं राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष कॉमरेड शशिकान्त राय मुख्य वक्ता के रूप में सम्मेलन को संबोधित करेंगे.
महासंघ के माध्यम से केंद्र एवं राज्य सरकार से कई प्रमुख मांगें उठाई जाएंगी. इनमें सभी संविदा कर्मचारियों को नियमित करने, संविदा, आउटसोर्स एवं दैनिक वेतन भोगी व्यवस्था को समाप्त कर नियमित नियुक्ति सुनिश्चित करने की मांग प्रमुख है. इसके साथ ही चतुर्थ वर्गीय कर्मियों को वरीयता एवं योग्यता के आधार पर प्रोन्नति देने, आउटसोर्स कर्मियों को समान काम के लिए समान वेतन देने, पीएफआरडीए अधिनियम को रद्द कर पुरानी पेंशन योजना लागू करने की मांग शामिल है.
इसके अलावा सभी संवर्गीय संघों द्वारा हड़ताल के दौरान सरकार के साथ हुए समझौतों को तत्काल लागू करने, सार्वजनिक उपक्रमों के निजीकरण एवं निगमीकरण की प्रक्रिया बंद करने, आठवें केंद्रीय वेतन आयोग की संदर्भ शर्तों पर पुनर्विचार करने तथा हर पांच वर्ष में वेतन पुनरीक्षण सुनिश्चित करने की मांग भी रखी जाएगी. महासंघ द्वारा सभी नियमित, संविदा एवं आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए कैशलेस सुविधा युक्त व्यापक स्वास्थ्य बीमा योजना लागू करने और लंबित एसीपी एवं एमएसीपी का लाभ शीघ्र देने की भी मांग की जाएगी.
सम्मेलन की सफलता को लेकर स्वागत समिति का गठन किया गया है, जिसके अध्यक्ष सीटू के राज्य सचिव विश्वजीत देव हैं. महासंघ के महामंत्री सह स्वागत मंत्री रबीन्द्र नाथ ठाकुर ने सम्मेलन को ऐतिहासिक बनाने की अपील सभी कर्मचारियों से की है.

