जामताड़ा/ Manish Baranwal वसंतोत्सव की गहमा- गहमी के बीच स्थानीय डीएन हाई स्कूल में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 129वीं जयंती शुक्रवार को श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई. कार्यक्रम की शुरुआत वाग्वादिनी माता शारदा की वंदना से हुई, जिसके बाद नेताजी के चित्र पर श्रद्धा सुमन अर्पित किए गए.

इस अवसर पर छात्रों और शिक्षकों ने नेताजी के जीवन से जुड़े प्रेरक प्रसंगों को याद किया. देशभक्ति के गीतों और विचारों के माध्यम से विद्यार्थियों में राष्ट्रप्रेम की भावना जागृत की गई.
विद्यालय के निदेशक प्रदीप कुमार भैया ने अपने संबोधन में कहा कि राष्ट्र प्रथम की अवधारणा को साकार रूप देने वाले नेताजी सुभाष चंद्र बोस ही थे. उन्होंने कहा कि यदि उनके जीवन का समग्र अध्ययन किया जाए तो स्पष्ट होता है कि राष्ट्र पहले और राष्ट्र ही अंतिम था, यही उनका मूल संदेश था.
कार्यक्रम में शिक्षक-शिक्षिकाओं की सक्रिय सहभागिता रही. इस मौके पर जितेन पाल, लक्ष्मी भट्टाचार्जी, रूपल झा, वसुंधरा सिंह, चांदनी सेन, निशा कुमारी, राजू दास, प्रीति कुमारी, विवेक गोराई, सुखदेव विश्वास, यमुना कुमारी, मौसमी मुर्मू, प्रियंका पाल, दिव्या कुमारी, दिशांत गुप्ता, रंजीत दे सहित विद्यालय परिवार के अन्य सदस्य उपस्थित रहे.

