जामताड़ा/ Manish Baranwal जिले में अवैध कोयला उत्खनन और उससे होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू की है. पुलिस अधीक्षक राजकुमार मेहता के निर्देश पर नाला थाना क्षेत्र के कास्ता और पलास्थली स्थित बंद पड़ी खदानों को जेसीबी और बुलडोजर की मदद से मिट्टी भरकर डोजिंग करने का काम शुरू किया गया है.

गौरतलब है कि इसी वर्ष फरवरी माह में पलास्थली और कास्ता क्षेत्र की इन अवैध खदानों में कोयला निकालने के दौरान बड़ा हादसा हुआ था. इस दुर्घटना में तीन से चार मजदूरों के मलबे में दबने की खबर सामने आई थी.
इस मामले को इंडिया न्यूज़ वायरल बिहार-झारखंड ने प्रमुखता से प्रकाशित किया था. खबर का संज्ञान लेते हुए पुलिस और ईसीएल के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से इन खतरनाक स्थलों को सुरक्षित करने की कार्रवाई शुरू की.
बताया जाता है कि ये खदानें ईसीएल के पांडेश्वर जोनल ऑफिस के अधीन थीं और वर्षों पहले इन्हें बंद कर दिया गया था. लेकिन पिछले तीन दशकों में यहां अवैध उत्खनन का जाल फैल गया, जिससे कई जगह गहरी और असुरक्षित खदानें बन गईं.
इस कार्रवाई का नेतृत्व नाला थाना प्रभारी राजीव रंजन कुमार और ईसीएल के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से किया. मौके पर सीआईएसएफ और नाला थाना की पुलिस बल भी तैनात रही.
प्रशासन ने सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि क्षेत्र में किसी भी सूरत में अवैध उत्खनन को पनपने नहीं दिया जाएगा. पुलिस और ईसीएल की नियमित निगरानी जारी रहेगी. यदि कोई भी व्यक्ति इस तरह की गैरकानूनी गतिविधि में शामिल पाया गया तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
मौके पर सहायक अवर निरीक्षक संजय गहलौत सहित बड़ी संख्या में पुलिस बल और सुरक्षाकर्मी मौजूद थे. प्रशासन की इस कार्रवाई से इलाके के अवैध कोयला माफियाओं में हड़कंप मच गया है.

