जामताड़ा/ Yogesh Kumar जिले में 6 अक्टूबर को देश मांझी पारगाना बाईसी समेत कई सामाजिक संगठनों के बैनर तले जन आक्रोश रैली का आयोजन किया जाएगा. इस रैली का मुख्य उद्देश्य दो अहम मुद्दों पर सरकार और प्रशासन का ध्यान आकृष्ट करना है – पहला, समाजसेवी सूर्या हांसदा की फर्जी एनकाउंटर की CBI जांच की मांग, और दूसरा, कुड़मी/ कुरमी को आदिवासी दर्जा दिए जाने का विरोध.

रैली की तैयारी को लेकर सभी प्रखंडों में लगातार बैठकें हो रही हैं. मांझी, पारगाना, नायकी, जोग मांझी, गोडेत और युवाओं से गांव-गांव जाकर समर्थन जुटाया जा रहा है. समिति के चीफ़ एडवाइजर सुनील हेंब्रम ने बताया कि पंचायत प्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और बुद्धिजीवियों से भी संपर्क साधा गया है.

संगठन का आरोप है कि सूर्या हांसदा, जो माइनिंग माफियाओं के खिलाफ आवाज उठा रहे थे और गरीब बच्चों को शिक्षा दे रहे थे, उन्हें पुलिस ने फर्जी एनकाउंटर में मार गिराया. वहीं NGT द्वारा बालू खनन पर रोक लगाए जाने के बावजूद प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की मिलीभगत से खनन जारी रहने का भी आरोप लगाया गया है.
रैली का कार्यक्रम तय किया गया है – सुबह 11:30 बजे गांधी मैदान, जामताड़ा में वीर सिदो- कान्हू की प्रतिमा की पूजा कर रैली की शुरुआत होगी. यह रैली शहर के मुख्य मार्गों से गुजरते हुए कम्बाइंड बिल्डिंग तक पहुंचेगी, जहां सभा कर उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा जाएगा.
देश मांझी पारगाना बाईसी के अध्यक्ष जगदीश मुर्मू ने समाज के सभी वर्गों से इस रैली में शामिल होकर अपनी एकजुटता दिखाने की अपील की है.

